Chhatrapati Sambhajinagar Water Complaint WhatsApp Number: छत्रपति संभाजीनगर में एक ओर हजारों नागरिकों को पीने के पानी के लिए कई दिनों तक इंतजार करना पड़ रहा है, तो दूसरी ओर जलवाहिनियों में रिसाव और मरम्मत कार्यों के दौरान हजारों लीटर पानी सड़कों पर बहकर बर्बाद हो रहा है। सूखे की मार झेल रहे मराठवाड़ा में पानी की एक-एक बूंद की अहमियत बढ़ गई है। ऐसे में पानी की बर्बादी रोकने के लिए महानगरपालिका प्रशासन ने नागरिकों से सहयोग मांगा है।
अब कहीं जलवाहिनी फूटी, पानी सड़क पर बहा या जलापूर्ति में गड़बड़ी हुई तो नागरिक सीधे मनपा तक शिकायत पहुंचा सकेंगे। इसके लिए वाट्सऐप, मोबाइल अनुप्रयोग और संकेतस्थल के माध्यम से शिकायत दर्ज कराने की सुविधा उपलब्ध कराई गई है।
छत्रपति संभाजीनगर मनपा आयुक्त अमोल येडगे ने नागरिकों से अपील की है कि पानी से संबंधित समस्याओं के लिए बार-बार महानगरपालिका कार्यालय आने के बजाय उपलब्ध डिजिटल माध्यमों का उपयोग करें। नलों में पानी नहीं आना, अनियमित जलापूर्ति, दूषित पानी मिलना, पानी का टैंकर निर्धारित समय पर नहीं पहुंचना, नए नल कनेक्शन की प्रक्रिया और जलवाहिनियों में रिसाव जैसी शिकायतें डिजिटल माध्यमों से दर्ज कराई जा सकती हैं।
पानी की समस्या की शिकायत दर्ज कराने के लिए छत्रपति संभाजीनगर मनपा ने वाट्सऐप नंबर 9485202020 उपलब्ध कराया है। स्मार्ट नागरिक और क्लीन स्ट्रीट मोबाइल अनुप्रयोगों के साथ मनपा के संकेतस्थल पर भी शिकायत दर्ज कराने की सुविधा दी गई है। जलापूर्ति विभाग के अनुसार, नागरिक इन माध्यमों का उपयोग कर अपनी समस्याएं संबंधित विभाग तक पहुंचा सकेंगे।
मनपा प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि जलवाहिनियों में रिसाव रोकने के साथ पानी का अनावश्यक उपयोग टालना भी जरूरी है। नागरिक अपने आसपास जलवाहिनियों से पानी बहता देखें तो इसकी सूचना तुरंत प्रशासन को दें। पानी की टंकियों से होने वाला रिसाव, खुले नल और अनावश्यक पानी बहने जैसी स्थितियों की अनदेखी नहीं की जानी चाहिए।
प्रशासन का कहना है कि पानी की बचत केवल सरकारी व्यवस्था के भरोसे संभव नहीं है। इसके लिए नागरिकों को भी जागरूक होकर जिम्मेदारी निभानी होगी। समय पर शिकायत दर्ज होने से संबंधित विभाग को समस्या की जानकारी मिलेगी और उसे दूर करने की कार्रवाई करने में मदद मिलेगी।
मराठवाड़ा में सूखे की स्थिति के बीच शहर में उपलब्ध पानी का सही उपयोग और बर्बादी पर नियंत्रण बेहद जरूरी हो गया है। जलापूर्ति व्यवस्था को बेहतर बनाने के साथ रिसाव रोकना भी प्रशासन के सामने महत्वपूर्ण चुनौती है। मनपा ने नागरिकों से अपील की है कि पानी की बर्बादी को केवल देखकर नजरअंदाज न करें, बल्कि तुरंत शिकायत दर्ज कराएं।
जलवाहिनी फूटने या पानी का रिसाव होने पर।
नलों में पानी नहीं आने या अनियमित जलापूर्ति पर।
दूषित पानी मिलने पर।
निर्धारित समय पर पानी का टैंकर नहीं पहुंचने पर।
नए नल कनेक्शन से संबंधित परेशानी होने पर।
सड़कों पर अनावश्यक पानी बहने पर।
वाट्सऐप क्रमांक : 9485202020
अन्य माध्यम : स्मार्ट नागरिक, क्लीन स्ट्रीट मोबाइल अनुप्रयोग और महानगरपालिका का संकेतस्थल।
पानी की बर्बादी देखें तो अनदेखी न करें, तुरंत शिकायत दर्ज कराएं। पानी की बचत के लिए प्रत्येक नागरिक का सहयोग जरूरी है। जलवाहिनियों में रिसाव, पानी की अनियमित आपूर्ति और अन्य समस्याओं की जानकारी समय पर प्रशासन तक पहुंचाने से जलापूर्ति व्यवस्था में सुधार लाने में मदद मिलेगी।
शहर की जलापूर्ति व्यवस्था की विडंबना यह है कि जहां नागरिक पानी के लिए परेशान हैं, वहीं तकनीकी खराबी के कारण हजारों लीटर पानी व्यर्थ बह जाता है। कुछ दिन पहले टीवी सेंटर परिसर में नई जलवाहिनी के जोड़ की मरम्मत के दौरान हजारों लीटर पानी सड़क पर बह गया था। इस घटना ने जलापूर्ति व्यवस्था में पानी की बर्बादी का गंभीर प्रश्न सामने ला दिया।
प्रशासन ने ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए नागरिकों से जलवाहिनियों में रिसाव की तत्काल जानकारी देने का आह्वान किया है।
बता दें कि छत्रपति संभाजीनगर की जलापूर्ति व्यवस्था पहले से ही अनेक समस्याओं से जूझ रही है। कई इलाकों में नागरिकों को नियमित पानी नहीं मिल रहा है। कहीं कम दबाव से पानी पहुंचता है, तो कहीं दूषित पानी की शिकायतें सामने आती हैं।
दूसरी ओर जलवाहिनियों में रिसाव और मरम्मत के दौरान बड़ी मात्रा में पानी बर्बाद होने की घटनाएं भी सामने आ रही हैं। इस स्थिति को गंभीरता से लेते हुए मनपा प्रशासन ने पानी की बर्बादी रोकने के लिए नागरिकों की भागीदारी बढ़ाने का निर्णय लिया है।