Chandrapur Loan Waiver Scheme: आज भी कृषि को भारतीय अर्थव्यवस्था की रीढ़ माना जाता है, लेकिन अनियमित बारिश, बाढ़, अतिवृष्टि, ओलावृष्टि और सूखे जैसी विपरीत प्राकृतिक परिस्थितियों के कारण देश का अन्नदाता लगातार आर्थिक संकट का सामना कर रहा है। ऐसे संकटग्रस्त किसानों को बड़ी राहत देने, उनका बकाया फसल ऋण माफ करने तथा आगामी खरीफ सीजन के लिए उन्हें दोबारा ऋण उपलब्ध कराने के उद्देश्य से राज्य सरकार ने 'पुण्यश्लोक अहिल्यादेवी होलकर कर्जमुक्ति योजना-2026' लागू की है।
इस योजना का त्वरित लाभ दिलाने के लिए चंद्रपुर जिला मध्यवर्ती सहकारी बैंक (सीडीसीसी) के अंतर्गत आने वाले 43 हजार 816 पात्र किसानों के ऋण खातों की जानकारी आधिकारिक पोर्टल पर सफलतापूर्वक अपलोड कर दी गई है। यह महत्वपूर्ण जानकारी जिला उपनिबंधक (सहकारी संस्था) जयसिंग ठाकुर ने दी है।
योजना के आधिकारिक प्रावधानों के अनुसार, 1 अप्रैल 2019 से 31 मार्च 2025 के बीच एक या अधिक बैंकों से लिए गए अल्पकालीन फसल ऋण (शॉर्ट टर्म क्रॉप लोन), जो 30 सितंबर 2025 तक बकाया रहे हों और 31 मार्च 2026 तक वापस न किए गए हों, ऐसे ऋणों पर सरकार की ओर से अधिकतम 2 लाख रुपये तक की कर्जमाफी दी जाएगी।
यदि किसी किसान का कुल फसल ऋण 2 लाख रुपये से अधिक है, तो किसान द्वारा 2 लाख से ऊपर की अतिरिक्त राशि 31 मार्च 2027 तक संबंधित बैंक में जमा करने पर, शेष बचे 2 लाख रुपये तक की कर्जमाफी की राशि राज्य सरकार द्वारा बैंक में जमा करा दी जाएगी। इसके साथ ही, जिन ईमानदार किसानों ने समय पर अपने ऋण का नियमित भुगतान किया है, उन्हें सरकार की ओर से 50 हजार रुपये का विशेष प्रोत्साहन लाभ (इंसेंटिव) भी प्रदान किया जाएगा।
कर्जमुक्ति योजना की पूरी प्रक्रिया पारदर्शी, ऑनलाइन और डिजिटल प्रमाणीकरण पर आधारित होगी। सभी राष्ट्रीयकृत और सहकारी बैंकों से पात्र ऋण खातों की जानकारी सीधे केंद्रीय पोर्टल पर ली जा रही है। चंद्रपुर में सीडीसीसी बैंक के कुल 43,862 खाताधारकों में से 43,816 पात्र खाताधारकों का डेटा पोर्टल पर अपलोड किया जा चुका है। शेष बचे केवल 46 मामलों में से 10 खातों का आधार लिंक न होने के कारण प्रमाणीकरण रुक गया है, जबकि 36 मामलों में कुछ तकनीकी त्रुटियां बताई गई हैं, जिन्हें जल्द ही दुरुस्त कर लिया जाएगा।
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि योजना का प्रत्यक्ष लाभ प्राप्त करने के लिए पात्र किसान अपने विशेष पहचान नंबर के साथ नजदीकी 'आपले सरकार सेवा केंद्र' (सीएससी) अथवा संबंधित बैंक शाखा में अवश्य जाएं। वहां जाकर अपने ऋण खाते का बायोमेट्रिक या डिजिटल प्रमाणीकरण (केवाईसी) करा लें। जानकारी पूर्णतः सही पाए जाने के बाद शासन की ओर से कर्जमाफी की निर्धारित राशि सीधे संबंधित किसान के ऋण खाते में डिजिटल माध्यम से जमा करा दी जाएगी।
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| तहसील का नाम | कुल पात्र खाते | सफलतापूर्वक अपलोड किए गए खाते |
| ब्रहमपुरी | 4,672 | 4,670 |
| चिमूर | 5,452 | 5,451 |
| वरोरा | 4,084 | 4,076 |
| नागभीड | 3,859 | 3,851 |
| गोंडपिपरी | 3,894 | 3,891 |
| राजुरा | 3,014 | 3,014 |
| सावली | 2,802 | 2,794 |
| सिंदेवाही | 2,410 | 2,405 |
| पोभुर्णा | 2,189 | 2,187 |
| भद्रावती | 2,093 | 2,092 |
| मूल | 2,033 | 2,033 |
| चंद्रपुर | 1,122 | 1,122 |
| बल्लारपुर | 567 | 567 |
| कोरपना | 5,671 | 5,663 |