Bhandara NHM Contract Employees: राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन एनएचएम के तहत कार्यरत और 10 वर्ष या उससे अधिक की सेवा अवधि पूरी कर चुके संविदा कर्मचारियों के लिए राज्य सरकार ने एक बड़ा और ऐतिहासिक फैसला लिया है। सरकार की ओर से समकक्ष वेतनमान में अधिसंख्य पदों का निर्माण कर इन कर्मचारियों की सेवा का समायोजन करने का शासनादेश जीआर जारी कर दिया गया है।
इस निर्णय का सीधा लाभ भंडारा जिले के 281 संविदा अधिकारियों और कर्मचारियों को मिलेगा। राज्यभर के 15 हजार 10 संविदा कर्मचारियों की सेवा समायोजन के लिए आवश्यक अधिसंख्य पदों के निर्माण और इसके लिए लगने वाले लगभग 1,153.60 करोड़ रुपये के वार्षिक खर्च को सरकार ने मंजूरी दे दी है। इसके चलते पिछले कई वर्षों से नियमितीकरण की राह देख रहे कर्मचारियों को बहुत बड़ी राहत मिली है।
इस महत्वपूर्ण निर्णय को अमलीजामा पहनाने के लिए मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे, उपमुख्यमंत्री अजीत पवार, सार्वजनिक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री प्रकाश आबिटकर और राज्यमंत्री मेघना साकोरे-बोर्डीकर ने विशेष प्रयास किए और लगातार इस मुद्दे को आगे बढ़ाया।
शासनादेश के अनुसार, 25 जून 2026 को हुई कैबिनेट की बैठक तक तकनीकी ब्रेक को छोड़कर लगातार 10 वर्ष या उससे अधिक की संविदा सेवा पूरी करने वाले पात्र कर्मचारियों को एकमुश्त विशेष मामले के रूप में समकक्ष वेतनमान के अधिसंख्य पदों पर नियुक्त किया जाएगा।
इसके लिए सार्वजनिक स्वास्थ्य विभाग और ग्रामीण विकास विभाग में नियमित स्वीकृत पदों के साथ संविदा पदों की समकक्षता तय की जाएगी। आवश्यकता पड़ने पर अन्य विभागों के समकक्ष पदों पर भी विचार होगा।
पदों की समकक्षता का निर्धारण करते समय कार्य का स्वरूप, जिम्मेदारियां, शैक्षणिक योग्यता, सेवा प्रवेश नियम, वर्तमान मानदेय और सातवें वेतन आयोग के अनुसार लागू वेतनमान को आधार बनाया जाएगा।
वित्तीय लाभ और भत्ते वित्त विभाग की अंतिम मंजूरी मिलने के बाद संबंधित विभागों की ओर से अधिसंख्य पद सृजित कर पात्र कर्मचारियों की नियुक्ति की जाएगी। नियुक्ति के बाद इन कर्मचारियों को समकक्ष पद के वेतनमान का न्यूनतम मूल वेतन, महंगाई भत्ता और यात्रा भत्ता मिलेगा।
साथ ही उनका वर्तमान में मिल रहा वेतन भी सुरक्षित रहेगा। हालांकि, इन कर्मचारियों को पदोन्नति प्रमोशन, आश्वासित प्रगति योजना, पेंशन अथवा पारिवारिक पेंशन का लाभ नहीं मिलेगा। इसके अलावा राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के अंतर्गत वर्तमान में लागू अवकाश के नियम ही भविष्य में भी लागू रहेंगे।