अकोला मनपा में हंगामा (सोर्स: नवभारत फाईल फोटो)  
अकोला

अकोला मनपा में हंगामा: पार्षद ने की औरंगजेब की शिवाजी महाराज से तुलना; 'ई-घंटागाड़ी' शुल्क पर भी उठे सवाल

Akola Municipal Corporation: अकोला मनपा की सभा में नामकरण विवाद और औरंगजेब की तुलना पर भारी हंगामा। साथ ही, शहर में ई-घंटागाड़ी खरीदी और कचरा संकलन शुल्क के मुद्दे पर पार्षदों ने जताई आपत्ति

रूपम सिंह

Maharashtra Politics News: सभा में कांग्रेसी पार्षद आजाद खान ने छत्रपति संभाजी नगर को औरंगाबाद नाम से संबोधित किया। इस पर सभा में उपस्थित पार्षदों ने आपत्ति प्रकट की और छत्रपति संभाजी नगर नाम संबोधित करने को कहा। इस पर पार्षद आजाद खान ने कहा कि, औरंगाबाद और छत्रपति संभाजी नगर एक ही है। शिवाजी भी हमारे हैं और औरंगजेब भी। इस तरह एक प्रकार से औरंगजेब की तुलना छत्रपति शिवाजी महाराज से की।

इसके बाद मनपा की सभा में हंगामा शुरू हो गया। सभागृह नेता पवन महल्ले ने तुरंत खड़े रहकर कहा कि, क्रूर शासक औरंगजेब की तुलना हमारे छत्रपति शिवाजी महाराज से न करें और औरंगाबाद नहीं बल्कि छत्रपति संभाजी नगर कहें। इसी तरह शिवाजी नहीं छत्रपति शिवाजी महाराज कहें। इसके बाद एक नगरसेविका ने भी पहले औरंगाबाद कहा लेकिन फिर अपनी गलती सुधारते हुए छत्रपति संभाजी नगर संबोधित किया।

विविध विषयों को मिली मंजूरी

अकोला मनपा की आम सभा में शहर में कचरा संकलन करने के लिए ई घंटागाड़ी खरीदी करने के विषय में चर्चा की। महापौर समेत अधिकारियों की उपस्थिति सभा में महापौर शारदा खेड़कर, उप महापौर अमोल गोगे, स्थायी समिति सभापति विजय अग्रवाल, मनपा अतिरिक्त आयुक्त सुमेध अलोणे, मनपा सचिव अमोल डोईफोडे इसी तरह नीला वंजारी, विजय पारतवार, दिलीप जाधव, गणेश शहाणे, मृणालिनी मानतकर, अजय गूजर, प्रशांत राजुरकर, भरत शर्मा आदि अधिकारी उपस्थित थे।

विविध मुद्दों पर की चर्चा सभा में विविध मुद्दों पर विविध पार्टियों के सुनील मेश्राम, नीलेश देव, सागर भारुका, अभय खुमकर, विजय इंगले, मोहम्मद फजलू, चंदा शर्मा, आकाश कवड़े, गुड्डू पठान, हरीश आलिमचंदानी, एड. गिरीश गोखले, औशीष पवित्रकार, रफीक सिद्धिकी, नितिन ताकवाले, एड. देवाशीष काकड, विनोद मापारी के साथ साथ अनेक पार्षदों ने हिस्सा लिया।

कचरा घंटा गाड़ी के 600 रु। एक प्रकार से अन्याय

सभा में वीबीए के पार्षद सुनील इन्नाणी ने कहा कि, प्रति वर्ष टैक्स के साथ कचरा घंटा गाड़ी के 600 रु. लगाने की प्रक्रिया शुरू है। यह एक प्रकार से लोगों पर अन्याय है। उन्होंने कहा कि एक झोपड़ी में रहने वाले व्यक्ति से भी 600 रु. और आलीशान बंगले में रहनेवाले नागरिक से भी 600 रु. यह मनपा की एक प्रकार की गलती है। इस पर पुनर्विचार होना चाहिए। उनके साथ वीबीए के नीलेश देव और पराग गवई ने भी 600 रु. का विरोध किया।

क्या है शक्ति की सप्त धारा? जो बदलेगी देश की तस्वीर, PM मोदी ने बताया भारत को आत्मनिर्भर बनाने का फॉर्मूला

आज की ताजा खबर 15 अगस्त LIVE: हमें महिलाओं को हक देना होगा, महिला आरक्षण पर लाल किले से बोले प्रधानमंत्री मोदी

Monsoon Alert: स्वतंत्रता दिवस पर झमाझम बारिश का अलर्ट, दिल्ली-यूपी से लेकर 16 राज्यों में आंधी-तूफान के आसार

15 August Special: क्या आप जानते हैं? भारत ही नहीं, 15 अगस्त को दुनिया के ये 4 देश भी मनाते हैं आजादी का जश्न

फ्रेजाइल फाइव से विकसित भारत तक... PM मोदी ने खोला 12 साल की सबसे बड़ी कामयाबी का राज, बोले- अब रोकना नामुमकिन