कृषि समृद्धि योजना के लिए जिलाधिकारी की अध्यक्षता में समीक्षा बैठक (सोर्स - फोटो नवभारत)  
अकोला

अकोला में कृषि योजनाओं की समीक्षा, सोयाबीन, तुअर और कपास उत्पादन बढ़ाने पर जोर

Akola Agriculture Schemes: अकोला में कृषि योजनाओं की समीक्षा: जिलाधिकारी वर्षा मीणा के निर्देश पर कपास, दलहन व तेलबीज अभियानों को गति। सघन कपास खेती के लिए प्रति हेक्टेयर 18,500 रुपये का अनुदान।

केतकी मोडक

Akola Varsha Meena Farmers Meeting: शासन को राष्ट्रीय खाद्य तेल अभियान-तेलबीज, कपास अभियान, दलहन उत्पादकता आत्मनिर्भरता अभियान और कृषि समृद्धि योजना किसानों और कृषि क्षेत्र की उन्नति के लिए महत्वपूर्ण हैं। इन योजनाओं की जानकारी व्यापक रूप से पहुंचाकर जिले के अधिक से अधिक किसानों को लाभदिलाना चाहिए, ऐसे निर्देश जिलाधिकारी वर्षा मीणा ने दिए, फसल-विशिष्ट उत्पादन अभियान और विभिन्न कृषि योजनाओं की समीक्षा बैठक जिलाधिकारी की अध्यक्षता में हुई।

इस अवसर पर जिला अधीक्षक कृषि अधिकारी डॉ. मुरली इंगले, कृषि उपसंचालक हरीश देशमुख, सहकार विभाग, लीड बैंक प्रतिनिधि और प्रगतिशील किसान उपस्थित थे। जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि योजनाओं की जानकारी प्रचार और सफलता की कहानियों के माध्यम से व्यापक रूप से पहुंचनी चाहिए। कार्य लक्ष्य के अनुसार गुणवत्तापूर्ण हों और कृषि-आधारित उद्योगों को बढ़ावा मिले।

योजनाओं का विवरण खाद्य तेल अभियान अकोला जिले में सोयाबीन और मूंगफली की फसलें चुनी गई हैं। इसमें सुधारित तकनीक के प्रदर्शन, तेल निकालने की इकाई की स्थापना और आधारभूत सुविधाओं का विस्तार किया जाएगा। 1500 क्विंटल प्रमाणित बीज वितरण, 375 हेक्टेयर क्षेत्र पर फसल प्रदर्शन, किसान खेतशाला, प्रशिक्षण, मृदा स्वास्थ्य परीक्षण, कृषि मैपर सहायता, गोदाम निर्माण और मिनी ऑयल मिल जैसी सुविधाएं दी

कृषि समृद्धि योजना

इसमें आधारभूत सुविधाओं का निर्माण, उत्पादकता वृद्धि, सतत खेती का प्रसार और आर्थिक विकास अपेक्षित है। योजना के अंतर्गत चिया खेती (3500), गोदाम परियोजना (18), किसान अध्ययन दौरे (350), बेड मेकर यंत्र (302), स्पायरल सेपरेटर (1625) और मानव-चालित टोकन यंत्र (700) सहित कुल 6495 लाभार्थियों का लक्ष्य है।

जिले में 620 हेक्टेयर पर तुअर, मूंग और उड़द की फसल के लिए समूह प्रदर्शन किए जाएंगे। इन तीनों फसलों के लिए 1540 क्विंटल (5 वर्ष के भीतर) प्रमाणित बीज वितरण और 3120 क्विंटल (5 से 10 वर्ष के भीतर) प्रमाणित बीज वितरण किया जाएगा।

कपास उत्पादकता अभियान

अकोला जिले में 6 करोड़ 31 लाख 92 हजार रुपये का आर्थिक लक्ष्य है। सघन खेती पद्धति पर प्रति हेक्टेयर 18,500 रुपये का अनुदान दिया जाएगा। साथ ही बायोचार, कॉटन श्रेडर और प्रशिक्षण का समावेश है।

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