Teacher Vacancy Increase Demand Bhopal: भोपाल में शिक्षक भर्ती में पदवृद्धि और दूसरी काउंसलिंग की मांग को लेकर आंदोलन कर रहे वर्ग-1 शिक्षक अभ्यर्थियों ने सोमवार को एक बार फिर प्रदर्शन तेज कर दिया। नीलम पार्क में पिछले 43 दिनों से धरना दे रहे अभ्यर्थी आज मुख्यमंत्री निवास का घेराव करने के लिए निकले, लेकिन पुलिस ने उन्हें रोशनपुरा चौराहे पर बैरिकेडिंग लगाकर रोक दिया।
रोशनपुरा चौराहे पर बड़ी संख्या में शिक्षक अभ्यर्थी सड़क पर बैठ गए। तेज धूप के बीच प्रदर्शनकारियों ने सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। इस दौरान एक महिला शिक्षिका की तबीयत बिगड़ गई और वह चक्कर खाकर सड़क पर गिर गई, जिसके बाद मौके पर मौजूद लोगों ने उनकी मदद की।
सीएम हाउस की ओर आगे बढ़ने की कोशिश कर रहे अभ्यर्थियों को पुलिस ने रोशनपुरा चौराहे पर ही रोक दिया। पुलिस की ओर से प्रदर्शनकारियों से अपील की जा रही है कि वे यहीं ज्ञापन सौंपकर वापस नीलम पार्क लौट जाएं। वहीं शिक्षक अभ्यर्थी अपनी मांगों को लेकर आगे जाने पर अड़े हुए हैं।
प्रदर्शन के दौरान शिक्षक अभ्यर्थियों ने सरकार और शिक्षा मंत्री के खिलाफ अलग-अलग नारे लगाए। इनमें 'एक कचौरी, दो समोसा, शिक्षा मंत्री का क्या भरोसा' नारा भी सुनाई दिया। इससे पहले भी शिक्षक आंदोलन के दौरान कचौरी-समोसे से जुड़े नारों ने ध्यान खींचा था।
शिक्षक भर्ती में पद बढ़ाने की मांग को लेकर भोपाल के नीलम पार्क में लंबे समय से आंदोलन चल रहा है। हालिया रिपोर्टों के मुताबिक आंदोलन का 43वां दिन 2 अक्टूबर को था। उस दौरान पूर्व मंत्री पीसी शर्मा और कांग्रेस नेता दीप्ति सिंह भी आंदोलन के समर्थन में भूख हड़ताल पर बैठे थे।
वर्ग-1 के वेटिंग अभ्यर्थी पदवृद्धि और दूसरी काउंसलिंग की मांग कर रहे हैं। अभ्यर्थियों का कहना है कि शिक्षक भर्ती परीक्षा-2023 में बड़ी संख्या में अभ्यर्थी चयनित हुए, लेकिन नियुक्ति सीमित संख्या में हुई। वे रिक्त पदों को भर्ती प्रक्रिया में शामिल करने और पात्र अभ्यर्थियों को नियुक्ति का अवसर देने की मांग कर रहे हैं।
पदवृद्धि की मांग को लेकर आंदोलन के दौरान अभ्यर्थियों ने भूख हड़ताल और निर्जल अनशन जैसे कदम भी उठाए हैं। अगस्त में एक अभ्यर्थी के लंबे निर्जल अनशन के दौरान तबीयत बिगड़ने की खबर सामने आई थी। आंदोलनकारियों ने मुख्यमंत्री और शिक्षा मंत्री के नाम खून से पत्र लिखकर भी अपनी मांग रखी थी।
फिलहाल रोशनपुरा चौराहे पर शिक्षक अभ्यर्थी सड़क पर बैठे हैं और पुलिस ने सीएम हाउस की तरफ जाने वाला रास्ता रोक रखा है। प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच बातचीत के जरिए स्थिति को नियंत्रित करने की कोशिश की जा रही है।