Chilkur Balaji Temple: हैदराबाद का सबसे पुराना मंदिर वीजा बालाजी मंदिर को चिलकुर बालाजी मंदिर के नाम से भी जाना जाता है। इसका निर्माण चाचा अक्कन्ना और मदन्ना के समय किया गया था। इस मंदिर को लेकर स्थानीय लोगों के बीच कई कहानियां प्रचलित हैं। इस मंदिर के दर्शन करने के लिए हाल ही में एक्ट्रेस प्रियंका चोपड़ा भी पहुंची थी। जिसकी तस्वीरें भी उन्होंने फैंस के साथ साझा की। इस मंदिर में देश और दुनिया से श्रद्धालु बड़ी संख्या में आते हैं।
मान्यताओं के अनुसार एक बार एक भक्त तिरुपति की यात्रा करने गया था और वह ये यात्रा हर साल करता था। लेकिन एक बार वह बीमार हो जाता है जिसकी वजह से मंदिर में दर्शन करने नहीं जा पाता है। जिसके बाद भगवान वेंकटेश्वर उसके सपने में आए और उससे कहा कि मैं यहीं जंगल के पास में हूं और तुम्हें चिंता करने की जरूरत नहीं है। भक्त सपने में बताई गई जगह पर भगवान को खोजने के लिए जाता है। उसने एक तिल पहाड़ी देखी और उसे खोदने लगा। उस दौरान उसे भगवान बालाजी की एक स्वयंभू मूर्ति मिली। इस मूर्ति को उसने उचित स्थान अनुष्ठानों के साथ स्थापित किया और एक मंदिर बनवाया। जिसके बाद इस मंदिर को चिलकुर बालाजी मंदिर के नाम से जाना जाने लगा।
माना जाता है कि चिलकुर बालाजी मंदिर का निर्माण करीब 500 साल पहले हुआ था। इसे वीजा बालाजी मंदिर के नाम से भी जाना जाता है। ऐसा इसलिए क्योंकि भक्तों के बीच यह मान्यता है कि यहां पर भगवान बालाजी का आर्शीवाद लेने से इंटरनेशनल यात्रा के लिए वीजा अप्रूवल प्रोसेस आसान हो जाती है। जिसकी वजह से दूर-दूर से तीर्थयात्रियों को यह मंदिर आकर्षित करत है। इस मंदिर की लोकप्रियता काफी ज्यादा है।
भगवान चिलकुर बालाजी मंदिर में भक्तों की अपार श्रद्धा है। माना जाता है कि यहां पर अपनी इच्छाओं के लिए दिल से प्रार्थना करने पर भगवान आर्शीवाद देते हैं और मनोकामना पूरी हो जाती है। यहां पर आकर फिर भक्त 108 परिक्रमा करते हैं। मंदिर में दर्शन करने का समय सुबह 5 बजे से लेकर 8 बजे तक है। यह मंदिर हर दिन खुला रहता है। इस मंदिर में पूजा करने का तरीका थोड़ा अनोखा है। यह परंपरा काफी समय से चली आ रही है।
कई लोगों का कहना है कि चिलकुर बालाजी मंदिर में किसी भी प्रकार का मौद्रिक दान या चढ़ावा नहीं लिया जाता है। भक्तों के लिए पैसे दान करने के लिए यहां कोई दान पेटी नहीं है। यह मंदिर पूरी तरह से आध्यात्मिक भक्ति और प्रार्थना पर है। यहां पहुंचने के लिए आपको हैदराबाद एयरपोर्ट जाना होगा। वहीं से चिलकुर करीब 20 किमी की दूरी पर स्थित है। जहां से बस, टैक्सी या कैब करके आसानी से जा सकते हैं।