गुलकंद डिश (सौ. सोशल मीडिया)
Gulkand Recipe: सेहत के लिए वैसे तो कई सारी डिशेज बनाई जाती है लेकिन गुलकंद खाना हर किसी को पसंद होता है। भारत के पारंपरिक व्यंजन में गुलकंद का नाम सबसे पहले होता है। गुलकंद खाने में जितना स्वादिष्ट लगता है उतना ही सेहत के लिए फायदेमंद भी। मेंटल स्ट्रेस से लेकर डाइजेशन की समस्या को कम करने के लिए गुलकंद के फायदेमंद होता है।आप गुलकंद को सिंपल स्टेप्स में बनाकर स्टोर करके रख सकते हैं। गुलकंद को बनाने के लिए गुलाब की पंखड़ियों की आवश्यकता होती है और मिठास के लिए कुछ जरूरी सामग्री की भी।
जानिए घर पर गुलकंद बनाने का आसान तरीका
आप यहां पर बताई जा रही कुछ सामग्री और आसान रेसिपी के जरिए गुलकंद बना सकते है। इतनी आसान रेसिपी के बारे में बता रहे है जो 20 मिनट में आपकी गुलकंद रेसिपी बना देता है।
क्या चाहिए सामग्री
- देसी गुलाब की फ्रेश पंखुड़ियां लगभग 200 ग्राम
- सौंफ 20 ग्राम
- हरी इलायची 5-6
- धागे वाली मिश्री 150 ग्राम
- बादाम 50 ग्राम
- काजू 50 ग्राम
- काजू 50 ग्राम, पिस्ता 50 ग्राम, शहद 50 ग्राम,
- चांदी का वर्क (ऑप्शनल)
जानिए गुलकंद बनाने का तरीका
- सबसे पहले फ्रेश गुलाब से सारी पत्तियां चुनकर अलग निकाल लें और धोने के बाद एक साफ कपड़े पर फैला दें. दूसरे कपड़े से पोंछकर नमी सुखाएं.
- अब धागे वाली मिश्री को खलबट्टे में डालकर पीस लें. इस तरह से ये हल्की दानेदार रहेगी, जिससे आपको गुलकंद बनाने में आसानी होगी.
- खरल से पिसी हुई मिश्री निकालकर अलग किसी बाउल में रख दें और अब सौंफ के साथ इलायची को भी अच्छी तरह से कूट लें. इसे भी मिश्री के साथ मिला दें.
- अब गुलाब की पेटल्स एक बड़ी थाली या परात में डालें. मिश्री, इलायची सौंफ का मिश्रण भी इसमें एड कर दें. इसके बाद हाथों से इसमें पंखुड़ियों को मैश करना शुरू करें.
- दरअसल जब मिश्री दरदरी होती है तो गुलाब की पंखुड़ियां उसमे जल्दी मैश हो जाती हैं. ये काम आपको किसी चम्मच या कलछी की बजाय हाथों से ही करना है.
- इससे पत्तियों से जूस निकलता जाएगा और वो अच्छी तरह मैश हो जाएंगी
- जब मिश्री और गुलाब की पत्तियां अच्छी रह से मिल जाएं तो इसमें अपने पसंदीदा नट्स एड कर दें, जैसे काजू, बादाम, पिस्ता. आप चाहिए तो इन नट्स को तोड़कर
- मिलाएं या फिर साबुत एड कर सकते हैं
- नट्स एड करने के बाद अब आप इसमें शहद मिलाएं साथ ही में चांदी का वर्क भी मिला दें. आप चाहे तो गोल्ड वर्क भी मिला सकते हैं. इस तरह से गुलकंद तैयार हो जाएगा.
स्टोर करने का तरीका
आप गुलकंद बनाने के बाद इसे आसान तरीके से स्टोर कर सकते है। इसके लिए आप एक साफ शीशे के जार में डालकर रख सकते हैं। इसे फ्रिज में स्टोर करेंगे तो ये कम से कम आराम से एक महीने के बाद भी खराब नहीं होगा।
आप गुलकंद को पान के साथ खा सकते हैं या फिर इसे माउथ फ्रेशनर के तौर पर भी थोड़ा सा खाया जा सकता है. इसके अलावा दूध में गुलकंद मिलाकर लिया जा सकता है. ये आपके पेट को ठंडा रखता है, जिससे एसिडिटी, मुंह के छालों से भी बचाव होता है।