CM उमर अब्दुल्ला सोर्स- सोशल मीडिया
जम्मू कश्मीर

दूसरे देशों के सर्टिफिकेट क्यों देखें? UCC पर उमर अब्दुल्ला का BJP पर हमला, बोले- संसद में साबित करें बहुमत

Omar Abdullah UCC: उमर अब्दुल्ला ने UCC, चीन की ओर से भारत की विदेश नीति की तारीफ और LAC पर तनाव कम होने को लेकर अपनी राय रखी। उन्होंने UCC पर संसद में कानून लाने की मांग की।

अंकिता पटेल

Omar Abdullah UCC China LAC: जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने मंगलवार को कई अहम राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय मुद्दों पर अपनी राय रखी। उन्होंने समान नागरिक संहिता (UCC), चीन की ओर से भारत की विदेश नीति की तारीफ और वास्तविक नियंत्रण रेखा (LAC) पर तनाव कम होने की खबरों पर प्रतिक्रिया दी।

चीन की तारीफ पर बोले उमर अब्दुल्ला

चीन द्वारा भारत की विदेश नीति की सराहना किए जाने पर उमर अब्दुल्ला ने कहा कि भारत की विदेश नीति देश की अपनी नीति है। उन्होंने कहा कि भारत को इस बात पर ज्यादा ध्यान नहीं देना चाहिए कि दूसरे देश उसकी विदेश नीति के बारे में क्या कहते हैं। उन्होंने कहा, “हमारी विदेश नीति हमारी अपनी है।

हम दूसरे देशों के सर्टिफिकेट क्यों देखते हैं?” उमर ने यह भी कहा कि अगर आज चीन भारत की विदेश नीति की तारीफ करता है और कल उसके खिलाफ कुछ कहता है, तो ऐसी स्थिति में भारत क्या करेगा। इसलिए सकारात्मक या नकारात्मक, दूसरे देशों की टिप्पणियों को ज्यादा महत्व नहीं दिया जाना चाहिए।

UCC पर संसद में बिल लाने की दी सलाह

UCC को लेकर उमर अब्दुल्ला ने कहा कि अगर सरकार के पास बहुमत है, तो उसे इस कानून को संसद में लाना चाहिए। उन्होंने सवाल उठाया कि इसे अलग-अलग राज्यों में लागू करने की कोशिश क्यों की जा रही है। उमर ने कहा कि NDA में भी UCC को लेकर पूरी सहमति नहीं है। उन्होंने रिपोर्ट्स का हवाला देते हुए कहा कि जनता दल यूनाइटेड (JDU) ने बिहार में इसे लागू करने को लेकर अपनी असहमति जताई है।

उन्होंने कहा कि अगर सहयोगी दल ही इसके लिए तैयार नहीं हैं, तो फिर इसे पूरे देश में लागू करने की बात कैसे कही जा सकती है। उन्होंने कहा कि UCC को “बैकडोर” से लाने के बजाय संसद में विधेयक लाया जाना चाहिए और यह देखा जाना चाहिए कि सरकार के पास इसे पारित कराने के लिए पर्याप्त संख्या है या नहीं।

इसे यूनिवर्सल नहीं कहा जा सकता

उमर अब्दुल्ला ने कहा कि यदि UCC पूरे देश में लागू नहीं होता है तो उसे यूनिवर्सल नहीं कहा जा सकता। उन्होंने कहा कि पूरा देश भाजपा शासित नहीं है और कई राज्यों तथा केंद्र शासित प्रदेशों में भाजपा की सरकार नहीं है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि यदि इसे केवल भाजपा शासित राज्यों में लागू किया जाता है, तो यह सार्वभौमिक कानून नहीं होगा। उनके मुताबिक, इस तरह के मुद्दे का फैसला अलग-अलग राज्यों के स्तर पर नहीं, बल्कि पूरे देश के स्तर पर होना चाहिए। उन्होंने कहा कि पूरे देश का प्रतिनिधित्व संसद में होता है, इसलिए ऐसा कानून संसद में लाया जाना चाहिए।

LAC पर तनाव कम होने का किया स्वागत

LAC पर चीनी तैनाती कम होने की खबरों पर उमर अब्दुल्ला ने कहा कि नियंत्रण रेखा (LoC) या वास्तविक नियंत्रण रेखा (LAC) पर तनाव कम करने वाला कोई भी कदम स्वागत योग्य है। उन्होंने खास तौर पर उन लोगों की मुश्किलों का जिक्र किया, जो इन संवेदनशील सीमावर्ती क्षेत्रों के करीब रहते हैं।

उन्होंने कहा कि LoC और LAC के पास रहने वाले लोगों के लिए तनाव की स्थिति बेहद मुश्किल होती है। ऐसे में यदि LAC पर तैनाती कम करने से तनाव घटता है तो यह अच्छी बात है। उन्होंने उम्मीद जताई कि आने वाले समय में LoC पर भी हालात बेहतर होंगे।

(एजेंसी इनपुट के साथ)

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