नई दिल्ली: समाजवादी पार्टी की सासंद जया बच्चन की गिरफ्तारी की मांग की जा रही है। दरअसल, उन्होंने सोमवार को प्रयागराज में जारी महाकुंभ के पानी को सबसे दूषित पानी बताया था। सपा सांसद ने दावा किया कि मौनी अमावस्या के दिन हुई भगदड़ में जान गांवाने वालों की लाशें पानी में फेंक दी गई थीं। जया बच्चन के इस बयान पर विश्व हिंदू परिषद (VHP) ने उन्हें गिरफ्तार करने की मांग की है। वीएचपी के अलावा बीजेपी के नेताओं, धार्मिक संगठनों ने भी इस बयान पर अपनी आपत्ति जताई है।
विश्व हिंदू परिषद के मीडिया प्रभारी शरद शर्मा ने कहा कि गलत और झूठे बयानों के जरिए सननसी फैलाने के लिए जाय बच्चन को गिरफ्तार किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि महाकुंभ आस्था और भक्ति का आधार हैं, जहां धर्म, कर्म और मोक्ष मिलता है। इससे करोड़ों श्रद्धालुओं की भावनाएं जुड़ी हैं।
संसद में मीडिया से बातचीत के दौरान सपा सांसद जया बच्चन ने कहा कि अभी भी सबसे ज्यादा दूषित पानी कहां है? कुंभ में... वहां मची भगदड़ में जिन लोगों की मौत हुई, उनके शव नदी में फेंक दिए गए हैं, जिससे पानी दूषित होगया है। असली मुद्दों पर कोई बात नहीं कर रहा।
इसके अलावा सपा सांसद जया बच्चन ने महाकुंभ में आने वाले लोगों की संख्या पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि कुंभ में आने वाले आम लोगों को कोई विशेष सुविधा नहीं दी जा रही है, उनके लिए कोई व्यवस्था नहीं है। यह झूठ बोला जा रहा है कि वहां करोड़ो लोग आ चुके हैं। इतनी बड़ी संख्या में लोग किसी भी समय एक जगह पर कैसे इकट्ठा हो सकते हैं। जया बच्च का यह बयान सोशल मीडिया पर काफी तेजी से वायरल हो रहा है। उनक यह बयान सोशल मीडिया प्लेटफार्ट एक्स पर टॉप ट्रेंड में रहा।
भारतीय जनता पार्टी के नेताओं ने जया बच्चन के इस बयान को हिंदू आस्था और कुंभ मेले का अपमान बताया है। वहीं, कई धार्मिक नेताओं और संगठनों ने जया बच्चन से माफी की मांग की है और उनके बयान को गुमराह करने वाला और असंवेदनशील बताया है