Meghalaya BSF Arrests Four Suspects: दक्षिण पश्चिम खासी हिल्स जिले में घुसपैठियों के हमले में एक व्यक्ति घायल हो गया। सीमा सुरक्षा बल और मेघालय पुलिस ने तत्काल एक्शन लेते हुए चार बांग्लादेशी संदिग्धों को गिरफ्तार कर लिया है। इस घटना के बाद जारी हुए एक वीडियो में देखा जा सकता है कि बीएसएफ के कुछ जवान जंगल में आरोपियों से पूछताछ कर रहे हैं।
मेघालय के रोंगदोंगाई गांव में शुक्रवार देर रात सीमा पार से आए हथियारबंद गिरोह ने एक स्थानीय व्यक्ति पर हमला कर उसे अगवा करने की कोशिश की। घटना में एक व्यक्ति घायल हुआ, जबकि बीएसएफ और मेघालय पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में चार बांग्लादेशी संदिग्ध गिरफ्तार किए गए।
गिरफ्तारी से पहले आरोपियों ने अपने हथियार, नकदी, मोबाइल फोन और एक बांग्लादेशी पुलिसकर्मी का पहचान पत्र फेंक दिया था। पुलिस ने सभी वस्तुएं बरामद कर ली हैं।
पुलिस के अनुसार, पीड़ित बालस्रांग ए. मारक अपनी दुकान में सो रहे थे, तभी आठ-नौ हथियारबंद लोग पहुंचे और उन्हें हथकड़ी लगाकर सीमा की ओर ले जाने लगे। मारक का कहना है कि उन्हें पूरा यकीन था कि आरोपी उनकी हत्या कर देंगे। अंधेरे का फायदा उठाकर वह भागने में सफल रहे और पास के एक घर में शरण ली, लेकिन गिरोह ने उन पर गोलियां चलाईं।
सूचना मिलते ही बीएसएफ और पुलिस ने संयुक्त ऑपरेशन चलाकर तीन संदिग्धों को गिरफ्तार किया, जबकि एक को ग्रामीणों ने पकड़ लिया। भागने की कोशिश करते समय आरोपियों को रोकने के लिए चेतावनी स्वरूप फायरिंग भी की गई।
बीएसएफ के इंस्पेक्टर जनरल ओ.पी. उपाध्याय ने कहा, "इस मौसम में मवेशी तस्करी के मामले बढ़ जाते हैं और अपराधी पकड़ से बचने के लिए हिंसा का सहारा लेते हैं। सीमा का बड़ा हिस्सा नदी क्षेत्रों से होकर गुजरता है, जहां निगरानी कठिन है। यही वजह है कि अपराधी रेत और पत्थर जैसे संसाधनों की अवैध तस्करी के लिए भी सीमा पार घुसपैठ करते हैं।"
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान मेफुस रहमान (35), जंगीऱ आलम (25), मेरुफ़ुर रहमान (32) और सैम हुसैन (30) के रूप में हुई है। बीएसएफ और पुलिस अब गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश में जुटी है।