Govinda Lalbaugcha Raja Visit Divorce Rumours: के फेमस एक्टर गोविंदा एक बार फिर अपनी फिल्मों से ज्यादा अपनी पर्सनल लाइफ को लेकर सुर्खियों में हैं। हाल ही में मुंबई के फेमस लालबागचा राजा पंडाल में अपनी आने वाली फिल्म 'रूपा' की को-स्टार कोमल रानी स्वर्णकार के साथ नजर आने के बाद अफवाहों का बाजार गर्म हो गया।
इससे कुछ ही घंटे पहले उनकी पत्नी सुनीता आहूजा ने वहां अकेले पूजा की थी। इस मुलाकात के बाद दोनों के रिश्तों को लेकर कई तरह के अनुमान लगाए जाने लगे। हालांकि गोविंदा ने इन सभी बातों को सिरे से खारिज कर दिया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह दौरा पूरी तरह से उनकी नई फिल्म की सफलता के लिए था।
गोविंदा का मानना है कि उनकी पर्सनल लाइफ को लेकर बनाई जा रही कहानियां कोई इत्तेफाक नहीं हैं। उनका कहना है कि यह उनकी सामाजिक छवि को नुकसान पहुंचाने की एक गहरी साजिश का हिस्सा है।
गोविंदा के अनुसार अतीत में भी जब उन्होंने करिश्मा कपूर और रवीना टंडन जैसी एक्ट्रेस के साथ काम शुरू करने से पहले मंदिरों में दर्शन किए थे, तो फिल्में सुपरहिट रही थीं। अब लंबे समय बाद काम पर वापसी करते समय भी वे वही परंपरा निभा रहे थे। लेकिन इस बार उनके कदम को गलत नजरिए से पेश किया जा रहा है ताकि उन्हें उनके परिवार से दूर किया जा सके।
अपनी को-स्टार कोमल रानी के साथ नाम जोड़े जाने पर गोविंदा ने सख्त लहजे में अपना रिएक्शन दिया है। उन्होंने कहा कि काम के दौरान एक पेशेवर रिश्ता कायम रखना हर कलाकार का दायित्व होता है।
अगर कोई अफेयर की बात करता भी है, तो यह किसी तीसरे व्यक्ति के लिए चर्चा का विषय नहीं होना चाहिए। गोविंदा ने उन लोगों पर निशाना साधा जो उनके पर्सनल जिंदगी पर टिप्पणी कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि अपनी जिंदगी में असफल और तलाकशुदा लोग दूसरों के रिश्तों पर फैसला सुना रहे हैं, जो पूरी तरह से अनुचित है।
एक्टर गोविंदा ने यह आरोप भी लगाया कि उनके खिलाफ जानबूझकर एक नेगेटिव माहौल तैयार किया जा रहा है। कुछ लोग चाहते हैं कि वे काम न कर सकें और आर्थिक संकट में फंस जाएं। उन्होंने फिल्म इंडस्ट्री के कुछ लोगों के रवैये पर दुख जताते हुए कहा कि कलाकार एक होकर किसी गिरोह की तरह बर्ताव कर रहे हैं।
गोविंदा के खिलाफ लोगों को भड़काने और उनकी फिल्म को सपोर्ट न देने की अपील करने वालों को उन्होंने चेतावनी दी। उनका कहना है कि इस तरह की रणनीतिक गुटबाजी से उन्हें अकेला करने की कोशिश की जा रही है, जो कभी कामयाब नहीं होगी।