रान्या राव (सोर्स: सोशल मीडिया) 
मनोरंजन

क्या एक्ट्रेस रान्या राव अंतरराष्ट्रीय गोल्ड स्मगलिंग रैकेट में है शामिल? CBI ने बढ़ाया जांच का दायरा

कन्नड़ फिल्म अभिनेत्री रान्या राव की गिरफ्तारी के बाद CBI ने अंतरराष्ट्रीय सोना तस्करी के एक बड़े नेटवर्क की जांच शुरू कर दी है। रान्या राव को 4 मार्च को बेंगलुरु केम्पेगौड़ा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे से गिरफ्तार किया था।

आकाश मसने

नवभारत डेस्क: कन्नड़ फिल्म अभिनेत्री रान्या राव की गिरफ्तारी के बाद केन्द्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) ने अंतरराष्ट्रीय सोना तस्करी के एक बड़े नेटवर्क की जांच शुरू कर दी है। राजस्व खुफिया निदेशालय (DRI) ने रान्या राव को 4 मार्च 2025 को बेंगलुरु के केम्पेगौड़ा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे से गिरफ्तार किया था। वह दुबई से 14.8 किलोग्राम सोना तस्करी करने की कोशिश कर रही थी। इस सोने की कीमत करीब 12 करोड़ रुपये आंकी गई है।

इस तस्करी नेटवर्क की गहराई से जांच करने के लिए मुंबई और बेंगलुरु एयरपोर्ट पर सीबीआई की टीमें तैनात की गई हैं। इस मामले में घरेलू एजेंटों और अंतरराष्ट्रीय तस्करों के बीच संबंधों को उजागर करने की कोशिश की जा रही है, क्योंकि यह नेटवर्क अत्याधुनिक तरीकों का इस्तेमाल कर काम कर रहा था और इसमें बड़ी मात्रा में सोने की तस्करी की जाती थी।

एक साल में 30 बार दुबई गईं रान्या राव

जांच में पता चला है कि रान्या राव पिछले एक साल में करीब 30 बार दुबई गई थी और हर बार वह सोने की तस्करी के काम में शामिल थी। डीआरआई की कार्रवाई के दौरान उसके पास से 12.56 करोड़ रुपये के सोने के बिस्किट बरामद किए गए। इसके अलावा उसके घर की तलाशी के दौरान 2.06 करोड़ रुपये के सोने के आभूषण और 2.67 करोड़ रुपये की नकदी बरामद की गई, जिससे कुल जब्ती राशि 17.29 करोड़ रुपये हो गई।

सीबीआई करेगी अंतरराष्ट्रीय तस्करों का भंडाफोड़

एक्ट्रेस रान्या राव की गिरफ्तारी के बाद यह मामला और गंभीर हो गया है। वह इसीलिए क्योंकि रान्या कर्नाटक राज्य पुलिस हाउसिंग कॉरपोरेशन के डीजीपी रामचंद्र राव की सौतेली बेटी है। एजेंसियां ​​इस बात की भी जांच कर रही हैं कि क्या कोई कानूनी अधिकारी या उसका परिवार इस तस्करी में शामिल था।

कहा जा रहा है कि जांच में सीबीआई के शामिल होने से अधिकारियों को इस रैकेट में शामिल अंतरराष्ट्रीय तस्करों का पता लगाने में मदद मिलेगी। मुख्य हवाई अड्डों पर जांच दल तैनात कर तस्करी गिरोह का पर्दाफाश करने और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने की रणनीति बनाई जा रही है।

इस मामले को 2020 के केरल सोना तस्करी मामले से भी जोड़कर देखा जा रहा है, जिसमें कूटनीतिक चैनलों का दुरुपयोग कर सोने की तस्करी की गई थी और कई अधिकारियों की मिलीभगत सामने आई थी।

जामिया मिल्लिया इस्लामिया में क्यों हो रहा है प्रदर्शन? समर्थन में पहुंचे इमरान मसूद को पुलिस ने किया डिटेन

MLC Election 2026: चार राज्यों की 28 सीटों पर मतदान खत्म, कब आएंगे नतीजे?

नेहा बोरा की याचिका दिल्ली हाई कोर्ट ने की खारिज, भरना पड़ेगा पीस बॉन्ड

बिहार के सीवान में पटाखा फैक्टरी में भीषण विस्फोट, आठ लोगों की मौत; कई घायल

LAC पर भारत-चीन के बीच क्या बातचीत चल रही है? विदेश मंत्रालय के बयान का पूरा मतलब समझिए