CJP Parliament March: संसद मार्च के बाद जंतर-मंतर पर चल रहे प्रदर्शन को लेकर सोमवार शाम हालात एक बार फिर तनावपूर्ण हो गए। शाम करीब चार बजे सुरक्षा बलों ने प्रदर्शन स्थल पर कार्रवाई करते हुए प्रदर्शनकारियों को वहां से हटाया और विरोध शुरू होने के बाद लगाए गए टेंट भी उखाड़ दिए। इसके बाद पूरे इलाके में सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी कर दी गई।
सरकार ने स्थिति को नियंत्रित करने के साथ-साथ समाधान निकालने की कोशिशें भी तेज कर दी हैं। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने केंद्रीय वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल और शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के साथ बैठक की। बैठक में बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन भी मौजूद रहे। हालांकि बैठक में क्या चर्चा हुई, इसकी आधिकारिक जानकारी नहीं दी गई है।
दूसरी ओर, सरकार ने प्रदर्शनकारी पक्ष से भी संवाद शुरू किया है। कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के नेता सौरभ दास और आशुतोष रंका ने केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा से मुलाकात की। मुलाकात के बाद सौरभ दास ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर जानकारी देते हुए कहा कि जेपी नड्डा ने उन्हें भरोसा दिलाया है कि सरकार इस पूरे मामले पर आंतरिक स्तर पर गंभीरता से चर्चा करेगी।
इस घटनाक्रम को संसद मार्च के बाद सरकार और प्रदर्शनकारियों के बीच बातचीत की दिशा में पहला अहम कदम माना जा रहा है। फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है कि वार्ता के बाद आंदोलन को लेकर आगे क्या फैसला लिया जाएगा।
जंतर-मंतर से संसद की ओर बढ़ रहे प्रदर्शनकारियों को रोकने के लिए दिल्ली पुलिस ने कई स्थानों पर बैरिकेडिंग की। शास्त्री भवन के पास कुछ प्रदर्शनकारियों ने बैरिकेड हटाने की कोशिश की, जिसके बाद पुलिस ने भीड़ को नियंत्रित करने के लिए आंसू गैस के गोले छोड़े और लाठीचार्ज किया। इस दौरान कई प्रदर्शनकारी और पुलिसकर्मी घायल होने की भी खबरें सामने आईं।
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स्थिति को देखते हुए जनपथ, पटेल चौक, राजीव चौक, केंद्रीय सचिवालय और सेवा तीर्थ समेत कई मेट्रो स्टेशनों के कुछ प्रवेश द्वार अस्थायी रूप से बंद कर दिए गए, जिससे यात्रियों को भी परेशानी का सामना करना पड़ा।