Delhi Police Debunks Fake News Of Woman Protestor Death: जंतर-मंतर पर चल रहे सीजेपी के प्रदर्शन के बीच सोशल मीडिया पर एक महिला प्रदर्शनकारी की मौत की खबर तेजी से वायरल होने लगी। इसके बाद दिल्ली पुलिस ने फैक्ट चेक जारी कर इसे पूरी तरह फर्जी और भ्रामक बताया है।
दिल्ली पुलिस ने अपने आधिकारिक 'X' पोस्ट में कहा कि सोशल मीडिया पर प्रसारित हो रही यह खबर कि जंतर-मंतर पर प्रदर्शन के दौरान एक महिला प्रदर्शनकारी की मौत हो गई है, पूरी तरह गलत है। पुलिस ने स्पष्ट किया कि संबंधित महिला जीवित हैं और उनका इलाज डॉ. राम मनोहर लोहिया (आरएमएल) अस्पताल में चल रहा है।
पुलिस के अनुसार, अस्पताल के डॉक्टरों ने पुष्टि की है कि महिला की स्थिति स्थिर है और वह खतरे से बाहर हैं। दिल्ली पुलिस ने लोगों से अपील की है कि सोशल मीडिया पर किसी भी खबर को साझा करने से पहले उसकी आधिकारिक स्रोतों से पुष्टि जरूर करें। पुलिस ने कहा कि जिम्मेदार डिजिटल व्यवहार का मतलब है कि बिना जांचे-परखे किसी भी जानकारी को आगे न बढ़ाया जाए।
RML अस्पताल के अनुसार, प्रदर्शन के दौरान गंभीर रूप से घायल हुई महिला की हालत में सुधार हो रहा है। उसे 24 घंटे पहले वेंटिलेटर से हटा दिया गया है और अब वह खुद सांस ले रही है। वह होश में है और डॉक्टरों के निर्देशों का पालन कर रही है। उसकी हालत स्थिर है और डॉक्टरों की निगरानी में इलाज जारी है।
यह भी पढ़ें नरम पड़े सोनम वांगचुक, लेकिन आक्रामक हुआ सीजेपी का आंदोलन; अब सरकार से बातचीत का प्रस्ताव खारिज!
दिल्ली पुलिस के मुताबिक, जंतर-मंतर के पास CJP की ओर से हुए प्रदर्शन के दौरान 118 से अधिक पुलिसकर्मी और 60 प्रदर्शनकारी घायल हुए हैं। पुलिस का कहना है कि प्रदर्शन के दौरान हुए पथराव और हिंसा में 20 से अधिक पुलिस वाहन भी क्षतिग्रस्त हुए।
पूरे इलाके में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। पुलिस ने मामले में अलग-अलग थानों में कई एफआईआर दर्ज की हैं, और हिंसा से जुड़े मामलों की जांच जारी है। घायल पुलिसकर्मियों और प्रदर्शनकारियों का विभिन्न अस्पतालों में इलाज चल रहा है।
इस बीच, CJP का प्रदर्शन अब भी जारी है। प्रदर्शनकारी केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग पर अड़े हुए हैं।
-IANS ऐजेंसी इनपुट