मुंबई: मुंबई में एक फर्जी आईएएस अधिकारी पकड़ा गया है। वह अपने आप को आईएस अधिकारी बताकर सरकारी सेवाओं का फायदा उठाता था। कार पर भारत सरकार लिखी पट्टी लिखकर व अधिकारियों को गुमराह करता सरकारी लाभ उठाता था।
मुंबई में पुलिस ने भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) का अधिकारी बनकर सीमा शुल्क विभाग के गेस्ट हाउस में ठहरने वाले और ‘भारत सरकार' लिखी पट्टी वाली कार में घूमने वाले इस 32 वर्षीय आरोपी युवक को गिरफ्तार किया है।
पुलिस अधिकारी ने बताया कि आरोपी की पहचान बिहार के चंद्रमोहन सिंह के रूप में हुई है। चंद्रमोहन सीमाशुल्क के एक अतिथि गृह में ठहरा था और उसने दावा किया था कि वह गृह मंत्रालय का कर्मचारी है। अधिकारी ने कहा कि वह ‘भारत सरकार' लिखी पट्टी वाली कार का इस्तेमाल करता था।
पुलिस ने बताया कि व्यक्ति को दादर में सड़क नियम के उल्लंघन के आरोप में ट्रैफिक पुलिस के एक कांस्टेबल ने रोका था लेकिन खुद को आईएएस अधिकारी बताकर वह वहां से निकलने में सफल रहा था। एक सूचना के आधार पर पुलिस ने शनिवार को मलाड इलाके में एक होटल के बाहर सिंह को कार में ड्राइवर के साथ देखा।
अधिकारी ने बताया कि उसने पहले खुद को आईएएस अधिकारी बताया और फर्जी पहचान पत्र दिखाया, लेकिन पूछताछ के दौरान उसने कबूल किया कि दस्तावेज नकली हैं। उन्होंने बताया कि पुलिस को उसके पास से एक और दस्तावेज मिला, जिसमें दावा किया गया था कि वह रक्षा मंत्रालय में काम करता है।
अधिकारी ने बताया कि जालसाज को शनिवार को गिरफ्तार कर लिया गया और उसके खिलाफ संबंधित कानूनी प्रावधानों के तहत मामला दर्ज किया गया। पुलिस आईएएस अधिकारी के रूप में खुद को पेश करने के सिंह के मकसद का पता लगा रही है।