SIR, EVM और घुसपैठियों के मुद्दे पर विशेष सत्र बुलाने को तैयार सरकार
अमित शाह ने नक्सलवाद पर विपक्ष पर साधा निशाना बोले- डरिए नहीं, विकास देखिए
राहुल गांधी की नकली संसद पर अमित शाह का तंज, बोले-संसद का मजाक बनाया
Shah Major Statement Regarding SIR In Chhattisgarh: केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह का SIR को लेकर बड़ा बयान सामने आया है। 3 नवंबर को राजधानी रायपुर में आयोजित छत्तीसगढ़ महोत्सव के समापन समारोह में शामिल हुए शाह ने कहा कि सरकार SIR, EVM और घुसपैठियों के मुद्दे पर संसद का विशेष सत्र बुलाकर चर्चा करने के लिए तैयार है। उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकार इन मुद्दों पर संसद में खुली बहस से पीछे नहीं हटेगी। अमित शाह ने कहा क्यो भाई नक्सलवाद समाप्त हो गया है। अब काहे को आवाज धीमी है मैं भगवान श्रीराम का जयकारा लगाता हूं।
नक्सल के मुद्दे पर पिछली सरकारों को आड़े हाथ लेते हुए कहा कि आप डरिए नहीं। जाकर विकास देखिए। संसद में स्पष्ट कहा था जिसे भी सरेंडर करना है कर दे वरना हमारे जवान दो-दो हाथ करेंगे। उन्होंने आगे कहा देखिए परिणाम केवल 10 फीसदी नक्सली मारे गए बाकी 90 फीसदी नक्सलियों ने सरेंडर कर मुख्य धारा से जुड़ गए।
राहुल गांधी का जिक्र करते हुए कहा कि नकली संसद बनाकर संसद का भी मजाक उड़ाया। आगे कहते है कि मोदी सरकार विशेष सत्र बुलाकर सभी विषयों पर चर्चा करने के लिए तैयार हैं। आगे कहते है कि हिम्मत है तो जनता के सामने खुलकर चर्चा करिए। संसद को चलने दें। जनता भी तो देखे कौन सच है और कौन झूठ है।
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने छत्तीसगढ़ राज्योत्सव के समापन समारोह को संबोधित करते हुए राज्य के विकास और नक्सलवाद के खिलाफ मिली सफलता का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी ने छत्तीसगढ़ का निर्माण किया, जबकि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इसे संवारने और विकसित करने का काम किया है। दोनों ही भारतीय जनता पार्टी के नेता हैं।
शाह ने कहा कि आज छत्तीसगढ़ नक्सलवाद के खतरे से मुक्त हो चुका है और विकास के रास्ते पर तेजी से आगे बढ़ रहा है। उन्होंने इस उपलब्धि के लिए प्रदेश के लोगों, विशेषकर आदिवासी भाई-बहनों को शुभकामनाएं दीं। साथ ही नक्सलवाद के खिलाफ अभियान में योगदान देने वाले केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल (CAPF) और छत्तीसगढ़ पुलिस के जवानों के प्रयासों की सराहना करते हुए उनका आभार जताया।
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा कि छत्तीसगढ़ अब नक्सलवाद से मुक्त हो चुका है। उन्होंने कहा कि केंद्र और राज्य सरकार के संयुक्त प्रयासों से प्रदेश में नक्सलवाद के खिलाफ निर्णायक लड़ाई लड़ी गई है। कभी नक्सल प्रभावित क्षेत्रों के रूप में पहचाने जाने वाले इलाकों में अब विकास, शांति और विश्वास का नया माहौल बन रहा है।
उन्होंने आगे कहा आने वाले सालों में छत्तीसगढ़ पर्यटन के लिए दुनियाभर में जानी जाएगी। चित्रकोट जलप्रपात, मां दंतेश्वरी समेत तमाम विषयों को लेकर कहा छत्तीसगढ़ अब खुशहाली के रास्ते पर निकल चुका है। विकास की गंगा बह रही है।