भारत के विदेशी मंत्री एस जयशंकर और चीनी विदेशी मंत्री वांग यी, (सोर्स- IANS) 
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भारत ने निकाली ट्रंप के टैरिफ की काट, चीन भी साथ देने को तैयार; रेयर अर्थ सप्लाई को मिली हरी झंडी

India-China: चीन ने अमेरिकी टैरिफ के जवाब में रेयर अर्थ मैग्नेट के एक्सपोर्ट पर बैन लगा दिए हैं और ट्रेड युद्ध में इसका इस्तेमाल सौदेबाजी के तौर पर कर रहा है। इसका असर कई देशों पर पड़ा है।

मनोज आर्या

China Rare Earth To India: चीन ने आर्थिक संबंधों में मधुरता के संकेत देते हुए भारत को उसकी प्रमुख व्यापारिक चिंताओं, खासकर रेयर अर्थ और फर्टिलाइजर के आयात से जुड़ी चिंताओं का समाधान करने का आश्वासन दिया है। सरकारी सूत्रों के अनुसार, चीनी विदेश मंत्री वांग यी ने विदेश मंत्री डॉ. एस जयशंकर को बताया है कि बीजिंग भारत की तीन प्रमुख चिंताओं रेयर अर्थ, फर्टिलाइजर और सुरंग खोदने वाली मशीनों का समाधान कर रहा है।

चीन ने अमेरिकी टैरिफ वृद्धि के जवाब में रेयर अर्थ मैग्नेट के निर्यात पर प्रतिबंध लगा दिए हैं और व्यापार युद्ध में इस वस्तु का इस्तेमाल सौदेबाजी के तौर पर कर रहा है। इसका असर उन अन्य देशों पर भी पड़ा है, जो चीनी आयात पर निर्भर हैं। रेयर अर्थ मैग्नेट का इस्तेमाल कई तरह की हाई-टेक एप्लीकेशन में किया जाता है, जिनमें इलेक्ट्रॉनिक सामान और इलेक्ट्रिक वाहनों से लेकर बड़े पैमाने के औद्योगिक उपकरण शामिल हैं।

भारत के दो दिवसीय यात्रा पर चीनी विदेशी मंत्री

चीनी विदेश मंत्री वांग यी सोमवार को दो दिवसीय आधिकारिक यात्रा पर नई दिल्ली पहुंचे। इस यात्रा के दौरान वे राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (NSA) अजीत डोभाल के साथ सीमा मुद्दे पर विशेष प्रतिनिधियों (एसआर) की वार्ता का एक नया दौर आयोजित करेंगे और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से भी मुलाकात करेंगे। चीन के विदेश मंत्रालय ने जोर देकर कहा कि वांग यी की भारत यात्रा दोनों देशों को पिछले साल चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बीच बनी सहमति को लागू करने के लिए मिलकर काम करने में मदद करेगी।

भारत-चीन संबंधों के कई आयाम

अपने उद्घाटन भाषण में विदेश मंत्री जयशंकर ने कहा कि पड़ोसी देशों और दुनिया की प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं के रूप में, भारत-चीन संबंधों के कई पहलू और आयाम हैं।इस संदर्भ में यह भी आवश्यक है कि प्रतिबंधात्मक व्यापार उपायों और बाधाओं से बचा जाए। विदेश मंत्री जयशंकर ने जब दुनिया के दो सबसे बड़े देश मिलते हैं तो यह स्वाभाविक है कि अंतरराष्ट्रीय स्थिति पर चर्चा होगी। हम एक निष्पक्ष, संतुलित और मल्टी-पोलर विश्व व्यवस्था चाहते हैं, जिसमें मल्टी-पोलर एशिया भी शामिल हो। सुधारित बहुपक्षवाद भी आज की जरूरत है।

आतंकवाद के खिलाफ भारत की लड़ाई

एस जयशंकर ने आगे कहा कि वर्तमान परिवेश में वैश्विक अर्थव्यवस्था में स्थिरता बनाए रखना और उसे बढ़ाना भी स्पष्ट रूप से जरूरी है। आतंकवाद के सभी रूपों के खिलाफ लड़ाई एक और प्रमुख प्राथमिकता है। मैं हमारे विचारों के आदान-प्रदान की प्रतीक्षा कर रहा हूं। बैठकों में दोनों पक्ष सीमा की स्थिति, व्यापार और उड़ान सेवाओं की बहाली सहित कई प्रमुख मुद्दों पर विचार-विमर्श कर सकते हैं।

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