Bankipur By Election: बिहार की बांकीपुर विधानसभा सीट के उपचुनाव में भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के नए उम्मीदवार नीरज कुमार सिन्हा का नाम सामने आने के बाद अब उनके बायोडाटा को लेकर विवाद शुरू हो गया है। सोशल मीडिया पर उनके राजनीतिक परिचय में दर्ज सदस्यता संबंधी जानकारी पर सवाल उठाए जा रहे हैं। यह विवाद ऐसे समय सामने आया है जब बीजेपी ने पहले घोषित उम्मीदवार अभिषेक सिन्हा उर्फ बंटी की उम्मीदवारी वापस लेकर नीरज कुमार सिन्हा को नया प्रत्याशी बनाया है।
पार्टी की ओर से जारी शुरुआती बायोडाटा के अनुसार, नीरज कुमार सिन्हा का जन्म 1 जुलाई 1994 को हुआ था और वह साल 2006 से भारतीय जनता पार्टी के प्राथमिक सदस्य बताए गए थे। यदि इस जानकारी को सही माना जाए, तो उस समय उनकी उम्र करीब 12 वर्ष थी। इसी आधार पर सोशल मीडिया और राजनीतिक हलकों में यह सवाल उठने लगे कि क्या इतनी कम उम्र में किसी व्यक्ति को पार्टी का प्राथमिक सदस्य बनाया जा सकता है।
विवाद बढ़ने के बाद नीरज कुमार सिन्हा का संशोधित बायोडाटा जारी किया गया। इसमें उनके राजनीतिक सफर से 2006 से प्राथमिक सदस्य वाला उल्लेख हटा दिया गया। हालांकि, संशोधित विवरण में यह स्पष्ट नहीं किया गया कि उन्होंने भारतीय जनता पार्टी की सदस्यता कब ग्रहण की थी। दोनों संस्करण सोशल मीडिया पर साझा किए जा रहे हैं और इस बदलाव को लेकर चर्चा जारी है।
जारी जानकारी के अनुसार, नीरज कुमार सिन्हा पटना के मीठापुर क्षेत्र के निवासी हैं। वह स्नातक (बीए) तक शिक्षित हैं और वर्तमान में भाजपा के नरेंद्र भारती मंडल में बूथ अध्यक्ष की जिम्मेदारी निभा रहे हैं। इससे पहले वह भारतीय जनता युवा मोर्चा में जिला उपाध्यक्ष तथा मंडल महामंत्री जैसे संगठनात्मक पदों पर भी कार्य कर चुके हैं। उनके पारिवारिक परिचय में बताया गया है कि उनके चाचा स्वर्गीय नरेंद्र भारती जनसंघ के कार्यकर्ता थे, जिनका वर्ष 1984 में निधन हो गया था।
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बांकीपुर विधानसभा सीट को भाजपा का मजबूत गढ़ माना जाता है। पहले अभिषेक सिन्हा उर्फ बंटी को पार्टी का उम्मीदवार बनाया गया था, लेकिन नामांकन के कुछ ही समय बाद उन्होंने चुनाव लड़ने से इनकार कर दिया। इसके बाद पार्टी ने नीरज कुमार सिन्हा को आधिकारिक उम्मीदवार घोषित किया। अब उनके बायोडाटा में दर्ज सदस्यता संबंधी जानकारी को लेकर नया राजनीतिक विवाद खड़ा हो गया है।