'हम पीछा करेंगे और मार डालेंगे', अमेरिका के युद्ध मंत्री ने ईरान की दी खुली धमकी, कहा- अमेरिकियों का खून...

US-Iran War: इजराइल-अमेरिका और ईरान तनाव के बीच अमेरिकी युद्ध मंत्री पीट हेगसेथ ने चेतावनी दी कि दुनिया में कहीं भी अमेरिकियों को धमकी मिली तो अमेरिका बिना झिझक कार्रवाई करेगा।
Pete Hegseth Warns Iran
अमेरिका के युद्ध मंत्री पीट हेगसेथ (सोर्स- सोशल मीडिया)
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Pete Hegseth Warns Iran: इजरायल, अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव के बीच अमेरिका के युद्ध मंत्रालय की ओर से एक कड़ा बयान सामने आया है। अमेरिकी युद्ध मंत्री पीट हेगसेथ ने ईरान को सख्त चेतावनी देते हुए कहा कि दुनिया के किसी भी हिस्से में यदि अमेरिकी नागरिकों या सैनिकों को धमकी दी गई, तो अमेरिका बिना किसी हिचकिचाहट के जवाबी कार्रवाई करेगा। 

हेगसेथ ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि अमेरिका अपने नागरिकों की सुरक्षा के मामले में कोई समझौता नहीं करेगा और जो भी अमेरिका को नुकसान पहुंचाने की कोशिश करेगा, उसका पीछा कर उसे खत्म कर दिया जाएगा। अमेरिकी युद्ध मंत्री के इस बयान ने स्पष्ट कर दिया है कि वो ईरान के खिलाफ युद्ध में पीछे नहीं हटने वाले।

अमेरिका-ईरान के बीच तनाव

यह बयान उस समय आया है जब अमेरिका और ईरान के बीच तनाव लगातार बढ़ रहा है। पेंटागन में आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान हेगसेथ ने कहा कि अमेरिकी नागरिकों या सैनिकों पर किसी भी तरह का हमला पूरी तरह अस्वीकार्य है। उन्होंने जोर देकर कहा कि अमेरिका की नीति बिल्कुल स्पष्ट है अमेरिकी हितों पर हमला करने वालों के खिलाफ सख्त और तत्काल कार्रवाई की जाएगी।

अमेरिका की “जीरो टॉलरेंस” नीति

दरअसल, हाल ही में कुवैत में एक ड्रोन हमले में छह अमेरिकी सैनिकों की मौत हो गई थी। इसी घटना के बाद अमेरिकी प्रशासन ने अपना रुख और अधिक सख्त कर लिया है। जनवरी 2025 में डोनाल्ड ट्रंप के प्रशासन में रक्षा मंत्री बने हेगसेथ ने इस बयान के जरिए अमेरिका की “जीरो टॉलरेंस” नीति को दोहराया। उनका कहना था कि ईरान और उससे जुड़े समूहों को यह स्पष्ट संदेश दिया जा रहा है कि अमेरिकी नागरिकों और सैनिकों की सुरक्षा से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा।

ईरानी राष्ट्रपति की माफी पर ट्रंप की चुटकी

इसी बीच ईरान की ओर से भी एक महत्वपूर्ण घटनाक्रम सामने आया है। ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियान ने शुक्रवार को पड़ोसी देशों से सार्वजनिक रूप से माफी मांगी। डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के इस कदम को आत्मसमर्पण के रूप में पेश किया है।

उन्होंने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘ट्रुथ सोशल’ पर एक लंबी पोस्ट में कहा कि जो ईरान कभी मध्य पूर्व में प्रभुत्व जमाने का सपना देखता था, वह अब पूरी तरह कमजोर पड़ चुका है। ट्रंप ने दावा किया कि हजारों वर्षों में यह पहली बार है जब ईरान अपने पड़ोसी देशों के सामने इस तरह झुकने के लिए मजबूर हुआ है। 

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