महायुद्ध शुरू! अमेरिकी नेवी बेस पर ईरान का बड़ा हमला, MQ-9 ड्रोन तबाह; जॉर्डन में भी बमबारी

IRGC Attack US Navy: मिडल ईस्ट में अमेरिका और ईरान के बीच भीषण सैन्य संघर्ष शुरू हो गया है। ईरानी सेना ने अमेरिकी नौसेना के 5वें बेड़े और जॉर्डन स्थित एयरबेस को निशाना बनाया है, जिससे तनाव चरम पर है।
Iran launches major attack on US Navy base; MQ-9 drone destroyed; bombing in Jordan as well.
हमले के बाद लगी आग, फोटो (सो. सोशल मीडिया)
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IRGC Attack US Navy MQ-9 Drone Destroyed: मिडल ईस्ट में एक बार फिर युद्ध के नगाड़े बजने लगे हैं। अमेरिका और ईरान के बीच जारी पुराना तनाव अब एक पूर्ण सैन्य संघर्ष में बदल चुका है, जिससे लंबे समय से चल रही सीजफायर की चर्चाएं अब पूरी तरह खत्म होती नजर आ रही हैं।

हाल ही में हुए हमलों में  ईरानी सेना ने न केवल अमेरिकी नौसेना के ठिकानों को निशाना बनाया है, बल्कि अमेरिकी वायुसेना के अत्याधुनिक ड्रोन और जॉर्डन स्थित सैन्य अड्डों पर भी भीषण हमले किए हैं।

अमेरिकी नौसेना के 5वें बेड़े पर ड्रोन हमला

IRGC ने आधिकारिक बयान जारी कर बताया है कि उन्होंने अमेरिकी नौसेना के 5वें बेड़े पर बड़ा हमला किया है। IRGC के अनुसार, बहरीन स्थित अमेरिकी मुख्यालय को ड्रोन के जरिए निशाना बनाया गया। यह हमला बुधवार तड़के करीब 2:30 बजे किया गया।

ईरान ने इसे अमेरिका द्वारा की जा रही गतिविधियों का करारा जवाब बताया है। इस हमले के बाद बहरीन सरकार ने अपने नागरिकों के लिए हाई अलर्ट जारी करते हुए उन्हें सुरक्षित स्थानों पर पहुंचने की सलाह दी है।

जॉर्डन और होर्मुज में भारी तबाही

ईरानी सेना की कार्रवाई केवल बहरीन तक सीमित नहीं रही। IRGC ने दावा किया है कि उन्होंने जॉर्डन में स्थित अमेरिका के 'अल अजराक एयर बेस' पर भी चार महत्वपूर्ण ठिकानों को निशाना बनाया है। इन हमलों में विशेष रूप से F-35 लड़ाकू विमानों के शेल्टर और अमेरिकी कमांड एंड कंट्रोल सेंटर को भारी नुकसान पहुंचने की खबर है। इसके अलावा, रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण स्ट्रेट ऑफ होर्मुज के पास ईरानी बलों ने अमेरिका के एक अत्याधुनिक MQ-9 ड्रोन को मार गिराया है। ईरान का दावा है कि यह ड्रोन उत्तर खाड़ी से युद्ध क्षेत्र की ओर बढ़ रहा था।

अमेरिका की 'सेल्फ-डिफेंस' स्ट्राइक

इससे पहले, अमेरिकी केंद्रीय कमान (CENTCOM) ने जानकारी दी थी कि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के निर्देशों पर अमेरिकी सेना ने ईरान के खिलाफ 'सेल्फ-डिफेंस' स्ट्राइक शुरू की थी। अमेरिका का कहना है कि यह कार्रवाई उनके सैन्य हेलीकॉप्टर 'अपाचे' को गिराए जाने के जवाब में की गई थी। अमेरिकी वायुसेना और नौसेना के लड़ाकू विमानों ने सटीक हथियारों का इस्तेमाल करते हुए होर्मुज के पास ईरान के हवाई रक्षा सिस्टम, ग्राउंड-कंट्रोल स्टेशनों और जासूसी रडार साइटों को तबाह करने का दावा किया है।

दोनों ओर से भारी गोलाबारी

IRGC ने साफ कर दिया है कि यदि अमेरिका ने अपनी 'दुश्मनी भरी हरकतें' बंद नहीं कीं, तो आने वाले समय में इससे भी अधिक भयानक हमले किए जाएंगे। फिलहाल युद्ध के मैदान में दोनों ओर से भारी गोलाबारी और हमले जारी हैं। अंतरराष्ट्रीय समुदाय इस स्थिति पर नजर बनाए हुए है, हालांकि इस संघर्ष में मध्यस्थ की भूमिका निभाने वाले पाकिस्तान ने फिलहाल इस ताजा तनाव पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं दी है।

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