

Highlights
सऊदी अरब की जेलों में बंद 20 बांग्लादेशी नागरिकों की सजा पर सवाल।
नजरुल इस्लाम और स्वीटी अख्तर को मौत की सजा दिए जाने से बांग्लादेश में नाराजगी।
सूची में 22 कैदियों के नाम के आगे ‘दोषी’ लिखा मिला।
हत्या, ड्रग्स तस्करी और साइबर अपराध समेत कई मामलों में मुकदमे।
बांग्लादेशी महावाणिज्य दूतावास ने सऊदी विदेश मंत्रालय से मांगा जवाब।
बाकी 20 कैदियों को क्या सजा मिली, इसकी जानकारी अब तक स्पष्ट नहीं।
Saudi Arabia Bangladesh Citizens Death Penalty: बांग्लादेश के दो नागरिकों को सऊदी अरब में मौत की सजा दिए जाने के बाद दोनों देशों के बीच कैदियों से जुड़ा मामला चर्चा में है। अब सऊदी अरब की जेलों में बंद 22 बांग्लादेशी नागरिकों की सजा को लेकर सवाल उठ रहे हैं। बांग्लादेश को सौंपी गई सूची में इन लोगों के नाम के सामने ‘दोषी’ लिखा है, लेकिन उन्हें क्या सजा सुनाई गई है, इसकी जानकारी नहीं दी गई है।
बांग्लादेशी अखबार प्रथम आलो की रिपोर्ट के मुताबिक, इस सूची में नजरुल इस्लाम और स्वीटी अख्तर के नाम भी शामिल थे। इन दोनों को मौत की सजा दिए जाने की खबर सामने आने के बाद बांग्लादेश में नाराजगी देखी गई। मामले में यह सवाल भी उठा कि संबंधित अधिकारियों को सजा से पहले जानकारी क्यों नहीं दी गई और दोनों को अपना पक्ष रखने का पर्याप्त अवसर मिला था या नहीं।
शुरुआती खबरों में दोनों को पति-पत्नी बताया गया था और उन पर मक्का की एक मस्जिद में अनैतिक गतिविधियों में शामिल होने का आरोप बताया गया। हालांकि, रिपोर्ट के अनुसार, दोनों के परिवारों ने उनके बीच वैवाहिक संबंध होने से इनकार किया है।
20 बांग्लादेशी कैदियों की सजा पर जानकारी नहीं
प्रथम आलो की रिपोर्ट के मुताबिक, सऊदी अरब की ओर से भेजी गई सूची में शामिल बाकी 20 बांग्लादेशी नागरिकों की सजा के बारे में स्पष्ट जानकारी नहीं है। जेद्दा स्थित बांग्लादेश के महावाणिज्य दूतावास ने इस मामले में सऊदी अधिकारियों से जानकारी मांगी है।
रिपोर्ट के अनुसार, 19 अक्टूबर को बांग्लादेशी महावाणिज्य दूतावास ने सऊदी विदेश मंत्रालय की जेद्दा शाखा को पत्र भेजकर संबंधित कैदियों के मामलों में सुनाए गए फैसलों का विवरण मांगा।
बांग्लादेशी नागरिकों पर हत्या और ड्रग्स तस्करी समेत कई आरोप
सऊदी अधिकारियों की सूची के अनुसार, 22 बांग्लादेशियों में से आठ पर हत्या, पांच पर ड्रग्स तस्करी और पांच पर व्यक्तिगत अधिकारों से जुड़े मामलों में मुकदमे दर्ज थे। दो मामले सऊदी कानूनों के उल्लंघन, एक साइबर अपराध और एक व्यभिचार से संबंधित बताया गया है।
30 सितंबर को सऊदी विदेश मंत्रालय ने जेद्दा स्थित बांग्लादेशी महावाणिज्य दूतावास को 2,461 कैदियों की सूची भेजी थी। जांच के दौरान कुछ कैदियों के नाम के सामने ‘दोषी’ लिखा मिला, लेकिन सजा की अवधि और फैसले का विवरण देने वाला कॉलम खाली था। इसी वजह से दूतावास ने आधिकारिक तौर पर स्पष्टीकरण मांगा है। फिलहाल बाकी 20 कैदियों को मिली सजा के बारे में स्थिति स्पष्ट नहीं है।