US के कब्जे में होंगे ईरान के द्वीप! तेहरान में शुरू होने वाली है जमीनी जंग… ट्रंप के प्लान से कांपी दुनिया

Trump Iran Ground War: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप अब ईरान के खिलाफ जमीनी सेना उतारने और परमाणु ठिकानों पर भीषण हमले करने के बड़े विकल्पों पर विचार कर रहे है।
Tehran's islands to fall under US control! Ground war set to erupt in Iran... The world trembles at Trump's plan.
डोनाल्ड ट्रंप, फोटो (सो. सोशल मीडिया)
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Donald Trump Iran Ground War Strategy : अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ईरान के खिलाफ अपनी सैन्य कार्रवाई को एक नए और विनाशकारी स्तर पर ले जाने की तैयारी में हैं। ताजा रिपोर्ट्स के अनुसार, ट्रंप प्रशासन केवल हवाई हमलों तक सीमित नहीं रहना चाहता, बल्कि वह ईरान के भीतर घुसकर जमीनी जंग शुरू करने के विकल्पों पर गंभीरता से विचार कर रहा है।

सिचुएशन रूम में तीन बड़े विकल्पों पर चर्चा

अमेरिकी समयानुसार मंगलवार शाम को व्हाइट हाउस के 'सिचुएशन रूम' में ट्रंप ने अपने वरिष्ठ सैन्य अधिकारियों और सलाहकारों के साथ एक हाई-लेवल बैठक की। वॉल स्ट्रीट जर्नल की रिपोर्ट के मुताबिक, इस बैठक में ईरान को घुटनों पर लाने के लिए तीन मुख्य सैन्य विकल्पों पर लंबी चर्चा हुई।

  • ईरानी द्वीपों पर कब्जा: अमेरिका स्ट्रेट ऑफ होर्मुज पास स्थित ईरानी द्वीपों पर अपनी जमीनी सेना भेजकर उन पर नियंत्रण करने की योजना बना रहा है।
  • परमाणु ठिकानों पर बमबारी: 'पिकैक्स माउंटेन' नाम के उस गुप्त और मजबूत सुरंग परिसर को निशाना बनाने की योजना है, जहाँ ईरान की परमाणु गतिविधियां चलने का दावा किया जाता है। अमेरिका ने अब तक इस जगह को निशाना नहीं बनाया है।
  • हवाई हमलों में तेजी: ईरान के ऊर्जा बुनियादी ढांचे और अन्य रणनीतिक ठिकानों पर हवाई हमलों के दायरे को व्यापक बनाने का विकल्प भी अभी खुला रखा गया है।

खर्ग द्वीप और रणनीतिक ठिकानों पर नजर

सूत्रों के मुताबिक, ट्रंप प्रशासन की नजर विशेष रूप से खर्ग द्वीप और होर्मुज के आसपास की अन्य जगहों पर है। बैठक में यहाँ अमेरिकी सैनिकों को उतारने और कब्जा करने की संभावनाओं को गहराई से टटोला गया। यदि ऐसा होता है, तो यह दशकों बाद ईरान और अमेरिका के बीच पहली सीधी जमीनी भिड़ंत होगी।

हालांकि, अधिकारियों का कहना है कि अभी किसी अंतिम फैसले पर मुहर नहीं लगी है, लेकिन अमेरिकी सैन्य नीति में यह बदलाव संकेत दे रहा है कि मध्य-पूर्व में स्थिति अब पूरी तरह बदल सकती है।

ईरान का पलटवार

अमेरिका की इन तैयारियों के बीच ईरान भी शांत नहीं बैठा है। हाल ही में अमेरिकी हवाई हमलों के जवाब में ईरान ने बहरीन स्थित अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर बड़ा पलटवार किया है। उधर, ट्रंप पहले ही ईरान को लेकर कड़ा रुख अपना चुके हैं और उन्होंने यहां तक कह दिया है कि अमेरिका 'होर्मुज का रखवाला' है, इसलिए वहां से गुजरने वाले हर कार्गो को 20 फीसदी टोल टैक्स देना चाहिए।

दुनिया पर संकट के बादल

मिडल ईस्ट में बढ़ते इस संघर्ष ने दुनिया भर के ऊर्जा बाजार और वैश्विक शांति को खतरे में डाल दिया है। ट्रंप का यह नया सैन्य झुकाव न केवल ईरान बल्कि पूरे क्षेत्र के समीकरण बदल सकता है। अब पूरी दुनिया की नजरें व्हाइट हाउस के अगले कदम पर टिकी हैं कि क्या ट्रंप वास्तव में ईरान में जमीनी सेना भेजने का अंतिम आदेश देंगे।

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