

वाशिंगटन: अमेरिका के यूटा राज्य के स्पेनिश फोर्क स्थित इस्कॉन श्री श्री राधा कृष्ण मंदिर पर एक बार फिर हमला हुआ है। अपराधियों ने कई रातों तक मंदिर परिसर में 20-30 राउंड गोलीबारी की, जिससे इमारत को भारी क्षति पहुँची है। यह मंदिर अपने वार्षिक होली उत्सव के लिए दुनियाभर में मशहूर है। यह घटना इस्कॉन मंदिरों के प्रति बढ़ती हिंसा की एक और कड़ी है।
इस्कॉन के अनुसार, रात के दौरान मंदिर परिसर और उसके आस-पास के क्षेत्र में अज्ञात हमलावरों ने 20 से 30 गोलियां चलाईं। यह घटना तब हुई जब मंदिर के भक्त और अन्य मेहमान अंदर मौजूद थे। इस गोलीबारी से मंदिर की स्थापत्य कला का बहुमूल्य हिस्सा, जिसमें बारीक हाथ से तराशे गए मेहराब भी शामिल हैं, को भारी क्षति पहुंची है। अनुमान लगाया जा रहा है कि इस घटना में हजारों डॉलर की संपत्ति का नुकसान हुआ है।
भारत का सैन फ्रांसिस्को स्थित महावाणिज्य दूतावास ने एक्स पर एक बयान जारी करते हुए यूटा के स्पैनिश फोर्क में स्थित इस्कॉन श्री श्री राधा कृष्ण मंदिर में हुई गोलीबारी की घटना को लेकर गहरी नाराजगी व्यक्त की। वाणिज्य दूतावास ने इस हिंसक घटना की कड़ी निंदा करते हुए मंदिर के सभी भक्तों और स्थानीय समुदाय को अपना पूरा समर्थन दिया। साथ ही, उन्होंने स्थानीय प्रशासन से अपराधियों को शीघ्र पकड़कर कानून के अनुसार कठोर सजा देने की मांग की।
मंदिर प्रशासन के अनुसार, इसी प्रकार की एक घटना इसी वर्ष 9 मार्च को कैलिफोर्निया के चिनो हिल्स स्थित बोचासनवासी अक्षर पुरुषोत्तम स्वामीनारायण संस्था (BAPS) के हिंदू मंदिर में भी घटित हुई थी। यह वाकया लॉस एंजिल्स में प्रस्तावित 'खालिस्तानी जनमत संग्रह' से कुछ समय पूर्व हुआ था, जब इस पवित्र स्थल का अपमान किया गया था।
BAPS के अमेरिकी आधिकारिक सोशल मीडिया हैंडल ने 9 मार्च की इस घटना का विवरण एक्स पर साझा करते हुए हिंदू समुदाय की सहनशीलता को दिखाया। BAPS पब्लिक अफेयर्स ने अपने संदेश में कहा, "चिनो हिल्स, कैलिफोर्निया में एक अन्य मंदिर की बेअदबी के बावजूद, हिंदू समाज नफरत के विरुद्ध अडिग है... हमारी साझी मानवीयता और आस्था यह गारंटी देगी कि शांति और करुणा का साम्राज्य बना रहे।" डोनाल्ड ट्रंप का ‘बिग ब्यूटीफुल बिल’ सीनेट में पास, जेडी वेंस बने बड़े गेमचेंजर
पिछले वर्ष 25 सितंबर की रात, कैलिफोर्निया के सैक्रामेंटो स्थित BAPS श्री स्वामीनारायण मंदिर पर भी विध्वंसक हमला हुआ था। यह घटना न्यूयॉर्क के एक BAPS मंदिर पर हुए इसी प्रकार के आक्रमण के तुरंत बाद घटी थी। इन हमलों में "हिंदुओं वापस जाओ" जैसे नफ़रत भरे संदेश देखे गए थे, जिसके कारण स्थानीय हिंदू समुदाय के बीच व्यापक आशंका और अशांति फैल गई थी।