

Nigeria Kidnapping Case: नाइजीरिया में ईसाइयों के खिलाफ तनावपूर्ण और अराजक हालात बने हुए हैं। ताजा घटनाक्रम में, हथियारबंद लोगों ने एक निजी कैथोलिक स्कूल के 200 से अधिक स्टूडेंट्स का अपहरण कर लिया है। हालांकि कुछ छात्र बचकर सुरक्षित लौट आए, लेकिन इस घटना ने देश में सुरक्षा संकट को गहरा दिया है।
नाइजीरिया में ईसाइयों के खिलाफ हिंसा रुकने का नाम नहीं ले रही है। क्रिश्चियन एसोसिएशन ऑफ नाइजीरिया (सीएएन) की ओर से जानकारी दी गई है कि इस घटना में कुल 215 स्टूडेंट्स और 12 टीचरों का अपहरण हुआ है। यह अपहरण एक प्राइवेट कैथोलिक स्कूल से किया गया। किडनैपिंग के बाद कुछ छात्र सुरक्षित वापस आ गए हैं।
अपहृत बच्चों के माता-पिता बेहद परेशान हैं और अपने बच्चों को वापस पाने के लिए स्कूल में ही इंतजार कर रहे हैं। सीएएन के नाइजर स्टेट चैप्टर के चेयरमैन, मोस्ट रेव बुलस डाउवा योहाना ने पीड़ित माता-पिता को आश्वासन दिया है। उन्होंने कहा है कि स्कूल अपने बच्चों को वापस लाने के लिए सरकार और सुरक्षा एजेंसियों के साथ मिलकर काम कर रहा है।
नाइजीरिया में ईसाइयों के खिलाफ हिंसा का यह अकेला मामला नहीं है। इस हफ्ते की शुरुआत में, नाइजीरिया के क्वारा राज्य में बंदूकधारियों ने एक चर्च पर हमला किया था, जिसमें कम से कम दो लोगों की मौत हो गई थी। सोमवार को, उत्तर-पश्चिमी नाइजीरिया के केब्बी राज्य में भी एक सेकेंडरी स्कूल पर हमला हुआ था, जिसके बाद 25 लड़कियों का अपहरण कर लिया गया था और स्कूल के वाइस प्रिंसिपल की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी।
केब्बी राज्य में हुए सेकेंडरी स्कूल हमले को लेकर पुलिस जनसंपर्क अधिकारी (पीपीआरओ) नफीउ अबुबकर कोटारकोशी ने सोमवार को एक बयान जारी किया था। उन्होंने बताया कि अत्याधुनिक हथियारों से लैस हमलावरों ने सुबह लगभग 4:00 बजे स्कूल पर धावा बोला और कैंपस में घुसते ही गोलीबारी शुरू कर दी। पीपीआरओ ने पुष्टि की कि स्कूल में तैनात पुलिस की सामरिक इकाइयों ने हमलावरों से मुठभेड़ की। दुर्भाग्य से, ये हथियारबंद लोग पहले ही स्कूल की बाड़ फांदकर घुस चुके थे और 25 छात्रों को उनके छात्रावास से अगवा करके किसी अज्ञात स्थान पर ले गए थे। इस हमले में एक कर्मचारी, हसन मकुकू की गोली मारकर हत्या कर दी गई, जबकि दूसरे कर्मचारी, अली शेहू के दाहिने हाथ में गोली लगी है।
पीपीआरओ अबु बकर ने बताया कि कमांड ने तुरंत आतंकवादियों की गतिविधियों पर नजर रखने और अपहृत लड़कियों को बचाने के लिए सैन्य कर्मियों के साथ-साथ अतिरिक्त पुलिस सामरिक दस्तों को तैनात किया। पुलिस अपहृत छात्राओं को बचाने और दोषियों को गिरफ्तार करने के उद्देश्य से डाकुओं के रास्तों और आस-पास के जंगलों की तलाशी ले रही है। राज्य सरकार की ओर से राज्यपाल के मुख्य प्रेस सचिव अहमद इदरीस ने भी घटना की पुष्टि की। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार घटनाक्रम पर कड़ी नजर रख रही है और अपहृत छात्रों की सही संख्या की पुष्टि अभी भी की जा रही है।
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इन घटनाओं के बाद, नाइजर राज्य सरकार ने कई स्कूलों को बंद कर दिया है। नाइजीरिया के राष्ट्रपति बोला तिउबू ने इस संकट से निपटने के लिए जोहान्सबर्ग में होने वाले जी20 समिट में शामिल होने सहित कई अंतरराष्ट्रीय कार्यक्रम रद्द कर दिए हैं।