'IRGC के गुंडे को मार गिराया', नेतन्याहू ने अली लारीजानी के खात्मे का किया ऐलान; ईरान को लगा दोहरा झटका

Israel Iran War: इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने लाइव संबोधन में ईरान के सुरक्षा प्रमुख अली लारीजानी और बसीज कमांडर गुलामरेजा सुलेमानी को हवाई हमले में मार गिराने की पुष्टि की है।
'IRGC Thug Taken Down': Netanyahu Announces Elimination of Ali Larijani; Iran Now Completely 'Orphaned'
नेतन्याहू और अली लारीजानी, फोटो (सो. सोशल मीडिया)
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Netanyahu Confirms Ali Larijani Assassination: ईरान-अमेरिका युद्ध के 18वें दिन इजरायल ने ईरान को अब तक का सबसे बड़ा और घातक घाव दिया है। इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने स्वयं लाइव आकर और सोशल मीडिया के जरिए यह पुष्टि की है कि ईरान के ‘डी-फैक्टो लीडर’ अली लारीजानी को एक सटीक हवाई हमले में ढेर कर दिया गया है।

गुंडों के बॉस का अंत

अपने संबोधन में नेतन्याहू ने अली लारीजानी को ‘IRGC के गुंडों का बॉस’ करार दिया। उन्होंने कहा कि लारीजानी रिवोल्यूशनरी गार्ड्स की उस सेना का नेतृत्व कर रहे थे जिसने ईरान को आतंक के दम पर अपने कब्जे में ले रखा था। नेतन्याहू के अनुसार, लारीजानी के साथ-साथ बसीज कमांडर गुलामरेजा सुलेमानी को भी मार गिराया गया है। उन्होंने इन अधिकारियों को 'गैंगस्टर और हत्यारा' बताते हुए कहा कि ये लोग तेहरान सहित कई शहरों में नागरिकों को प्रताड़ित करते थे।

'सेफ हाउस' पर सटीक हमला

तेहरान के 'सेफ हाउस' पर सटीक हमला इजरायली मीडिया और रक्षा मंत्री इजरायल काट्ज के अनुसार, यह कार्रवाई तेहरान में स्थित उन सेफ हाउसेस पर की गई जहां ये अधिकारी छिपे हुए थे। आयतुल्लाह अली खामेनेई की 28 फरवरी को हुई मौत के बाद से लारीजानी ही ईरान की रणनीतिक और सैन्य कमान संभाल रहे थे। उनकी मौत को ईरान के वर्तमान सत्ता ढांचे के अंत की शुरुआत माना जा रहा है।

ईरान का न्यूक्लियर और मिलिट्री प्रोग्राम ठप?

लारीजानी का मारा जाना ईरान के लिए एक अपूरणीय क्षति है क्योंकि वे न केवल मिलिट्री ऑपरेशन्स को लीड कर रहे थे बल्कि ईरान के परमाणु कार्यक्रम की कमान भी उन्हीं के हाथों में थी। अमेरिका ने अली लारीजानी के सिर पर करोड़ों का इनाम रखा था। इजरायल ने इस पर चुटकी लेते हुए कहा कि 'इनाम के बावजूद लारीजानी मुफ्त में ही मारे गए।' विशेषज्ञों का मानना है कि खामेनेई के बाद लारीजानी की मौत से ईरान पूरी तरह 'अनाथ' हो गया है और उसकी जवाबी कार्रवाई करने की क्षमता को गहरा झटका लगा है।

इसी बीच ईरान के नए सुप्रीम लीडर मोजतबा खामेनेई ने अमेरिका और इजरायल के साथ तनाव घटाने या युद्धविराम के सभी अंतरराष्ट्रीय प्रस्तावों को साफ तौर पर ठुकरा दिया। उन्होंने कड़े शब्दों में कहा कि अमेरिका और इजरायल दोनों को हराना जरूरी है।

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