

Alleged Mojtaba Khamenei Flats Controversy: ईरान ने सुप्रीम लीडर मोजतबा खामेनेई की कथित लंदन संपत्तियों को लेकर सामने आई मीडिया रिपोर्टों को सिरे से खारिज कर दिया है। भारत स्थित ईरानी दूतावास ने इन दावों को मनगढ़ंत, निराधार और राजनीतिक रूप से प्रेरित बताया। दूतावास का कहना है कि मोजतबा खामेनेई या उनके परिवार के पास ईरान के भीतर या विदेश में कोई निजी संपत्ति नहीं है। यह विवाद ब्रिटिश मीडिया में लंदन के केंसिंग्टन इलाके में स्थित दो आलीशान अपार्टमेंट्स को लेकर प्रकाशित रिपोर्ट के बाद सामने आया है।
ब्रिटिश मीडिया आउटलेट ‘द संडे टाइम्स’ की रिपोर्ट में मोजतबा खामेनेई से कथित रूप से जुड़े दो अपार्टमेंट्स को लेकर जानकारी सामने रखी गई। रिपोर्ट के अनुसार, ये दोनों लक्जरी फ्लैट लंदन के केंसिंग्टन इलाके में पैलेस ग्रीन पर स्थित हैं और हाल ही में बिक्री के लिए रियल एस्टेट बाजार में लाए गए हैं।
इन संपत्तियों की लोकेशन भी विवाद का प्रमुख कारण बनी है। बताया गया कि दोनों अपार्टमेंट उस संवेदनशील सड़क पर मौजूद हैं, जहां लंदन स्थित इजरायली दूतावास भी है।
ब्रिटिश मीडिया की रिपोर्टों में दावा किया गया कि इमारत की छठी और सातवीं मंजिल पर मौजूद इन दोनों फ्लैट्स को कई साल पहले खरीदा गया था। कथित तौर पर एक अपार्टमेंट 2014 में और दूसरा 2016 में कुछ अज्ञात बिचौलियों के माध्यम से खरीदा गया।
रिपोर्ट में एक खोजी जांच का हवाला देते हुए इन संपत्तियों का संबंध मोजतबा खामेनेई के परिवार से होने का दावा किया गया। हालांकि, इन दावों के विपरीत ईरानी दूतावास ने किसी भी निजी विदेशी संपत्ति के स्वामित्व से पूरी तरह इनकार किया है।
भारत में ईरानी दूतावास ने मीडिया रिपोर्ट पर कड़ी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि मोजतबा खामेनेई के पास उनके पिता की तरह ईरान या विदेश में कोई निजी संपत्ति नहीं है। दूतावास ने इन आरोपों को विश्वसनीय प्रमाण से रहित बताया।
ईरानी पक्ष का कहना है कि इस तरह की रिपोर्टों का उद्देश्य उनके सर्वोच्च नेता और उनके परिवार की छवि को नुकसान पहुंचाना है। अधिकारियों ने मोजतबा खामेनेई की लाइफस्टाइल को सादगीपूर्ण बताते हुए पश्चिमी मीडिया के दावों को खारिज किया।
दूतावास ने यह भी कहा कि ईरानी नागरिक अपने सुप्रीम लीडर की जीवनशैली से परिचित हैं और उनके प्रति समर्थन रखते हैं। ईरानी पक्ष ने दावा किया कि जनता लगातार उनके समर्थन में सड़कों पर उतर रही है।
हालांकि, दूतावास की ओर से किए गए इन राजनीतिक दावों की स्वतंत्र पुष्टि उपलब्ध नहीं है। ऐसे में लंदन की कथित संपत्तियों के वास्तविक स्वामित्व को लेकर सामने आए विरोधाभासी दावों पर आगे की आधिकारिक जानकारी महत्वपूर्ण होगी।
संपत्ति विवाद के बीच मोजतबा खामेनेई के स्वास्थ्य को लेकर भी अलग-अलग दावे सामने आए हैं। अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने हाल में कहा था कि मोजतबा की मौत नहीं हुई है, बल्कि वह एक हमले में घायल हुए हैं।
ट्रंप के इस दावे पर ईरानी सरकार की ओर से कोई स्पष्ट टिप्पणी सामने नहीं आई है। ऐसे में उनके स्वास्थ्य और कथित संपत्तियों से जुड़ी कई जानकारियां फिलहाल दावों और खंडनों के स्तर पर ही हैं।