Iran Missile Attack: कतर और कुवैत में ईरान का हमला, अमेरिकी सैन्य ठिकानों और लॉजिस्टिक सपोर्ट को बनाया निशाना

Iran Missile Attack: अमेरिका और ईरान के बीच भयंकर युद्ध अब पूरे खाड़ी क्षेत्र में फैल गया है। कतर, कुवैत और बहरीन में मौजूद अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर ईरान का हमला हुआ है जिससे भारी तबाही मची है।
Iran Missile Attack: Missiles Hit Qatar And Kuwait Targeting US Forces Destroying Aircrafts And Helicopters
कतर और कुवैत में ईरान का हमला (सोर्स-सोशल मीडिया)
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Iran Missile Attack US Forces Targeted: के बाद मध्य पूर्व में हालात बहुत ही ज्यादा खराब हो चुके हैं। अमेरिका और ईरान के बीच चल रही यह जंग अब पूरे खाड़ी क्षेत्र में तेजी से फैलती नजर आ रही है। शुक्रवार को मध्यस्थ की भूमिका निभा रहे कतर पर अचानक बड़े मिसाइल हमले हुए हैं। ईरान का हमला इतना तेज था कि राजधानी दोहा में कई बड़े और तेज धमाकों की आवाजें सुनी गईं जिससे लोग डर गए।

कतर के रक्षा मंत्रालय ने इस बात की पुष्टि की है कि उसकी एयर डिफेंस ने मिसाइलों को गिराया है। हवा में ही मार गिराई गई इन मिसाइलों के मलबे से कतर में एक बच्चा बुरी तरह से घायल हो गया है। लोगों के मोबाइल फोन पर सुरक्षा अलर्ट जारी करके उन्हें तुरंत सुरक्षित स्थानों पर जाने की सलाह दी गई है। हालांकि ईरान ने अब तक आधिकारिक तौर पर कतर पर इस हमले की कोई जिम्मेदारी नहीं ली है।

कुवैत में अमेरिकी ठिकानों पर हमला

ईरानी सेना ने दावा किया है कि उसने कुवैत में भी अमेरिकी सेना और लॉजिस्टिक सपोर्ट सेंटर को निशाना बनाया है। ईरानी सेना ने इन सैन्य ठिकानों पर कई बड़े और खतरनाक ड्रोन हमले किए हैं जिससे भारी तबाही हुई है। कुवैती सेना ने भी कहा कि उसके एयर डिफेंस सिस्टम ने मिसाइल और ड्रोन को हवा में ही इंटरसेप्ट किया है।

बहरीन में भारी तबाही

ईरानी सरकारी मीडिया के अनुसार ईरान ने बहरीन में अमेरिकी सैन्य ठिकानों और सखिर एयर बेस पर हमला किया है। ईरानी सेना ने अराश ड्रोन का इस्तेमाल करके बहरीन में खड़े अमेरिकी मिलिट्री हेलीकॉप्टर और P-8 टोही विमान को तबाह किया। ईरान की सेना का कहना है कि वह हर तरह के दबाव और खतरे का मजबूती से सामना करने के लिए तैयार है।

अमेरिका का ईरान पर पलटवार

ईरान के इन हमलों से पहले अमेरिका ने भी ईरान पर अपने हवाई हमले काफी ज्यादा तेज कर दिए थे। होर्मोजगान प्रांत में कई पुलों, रेलवे जंक्शन और बिजली लाइनों पर अमेरिका ने भारी बमबारी की थी। बंदर अब्बास के पास स्थित कहूरेस्तान ब्रिज को भी इन अमेरिकी हमलों से बहुत ही भारी नुकसान पहुंचा है। ईरानी मीडिया के मुताबिक अमेरिका के इन ताबड़तोड़ हमलों में लगभग सात लोगों की दर्दनाक मौत हुई है।

कतर की शांति कोशिशों को झटका

कतर अब तक अमेरिका और ईरान के बीच शांतिपूर्ण बातचीत कराने की पूरी कोशिश लगातार कर रहा था। लेकिन अब यह देश खुद भी इस भयंकर और जानलेवा संघर्ष की सीधी चपेट में पूरी तरह आता दिखाई दे रहा है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप पहले ही ईरान को उसके अहम इंफ्रास्ट्रक्चर को तबाह करने की चेतावनी दे चुके हैं। लगातार हो रहे इन भीषण जवाबी हमलों के बीच पूरे खाड़ी क्षेत्र में युद्ध का तनाव चरम पर पहुंच गया है।

डोनाल्ड ट्रंप की कड़ी चेतावनी

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को लेकर एक बहुत ही सख्त और बड़ी चेतावनी जारी की है। ट्रंप ने कहा है कि यदि ईरान जल्द ही बातचीत की मेज पर नहीं लौटता है तो अंजाम बहुत बुरा होगा। अमेरिका उसके पावर प्लांट्स, पुलों और अन्य सबसे महत्वपूर्ण इंफ्रास्ट्रक्चर को पूरी तरह से निशाना बनाएगा। इस भयंकर युद्ध के कारण अब पूरे विश्व में ऊर्जा और कच्चे तेल को लेकर भी बड़ा संकट गहरा रहा है।

मध्य पूर्व में युद्ध का साया

ईरानी सेना ने अपने आधिकारिक बयान में कहा है कि वह जनता के पूरे समर्थन के साथ युद्ध के लिए तैयार है। सेना का कहना है कि उनके पास इतिहास और अनुभव है जिसके दम पर वे दुश्मन को करारा जवाब देंगे। इन सभी घटनाओं से यह पूरी तरह स्पष्ट है कि खाड़ी देशों में शांति की उम्मीद अब बहुत कम बची है। दुनिया के कई बड़े देश इस तनाव को कम करने के लिए अब नए सिरे से कूटनीतिक कोशिशें कर रहे हैं।

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