कोलकाता पुलिस भी जिसके नाम से खाती थी खौफ, ED ने 10 घंटे की छापेमारी में ढहाया डॉन सोना पप्पू का साम्राज्य?

Sona Pappu Arrested: जांच के बाद ईडी को पता चला कि पप्पू का आपराधिक नेटवर्क काफी गहरा है। इस मामले से मिले सुरागों के आधार पर जांच एजंसी ने सबसे पहले बेहाला के व्यवसायी जॉय कामदार को गिरफ्तार किया।
sona pappu arrested by ed in kolkata
ईडी की शिकंजे में आरोपी सोना पप्पू, (सोर्स- सोशल मीडिया)
Updated on

Sona Pappu Arrested by ED In Kolkata: पश्चिम बंगाल की राजनीति और अंडरवर्ल्ड दुनिया का सबसे खतरनाक चेहरा रहा ‘सोना पप्पू’ उर्फ बिस्वजीत पोद्दार आखिरकार कानून के शिकंजे में आ गया है। साल्टलेक स्थित सीजीओ कॉम्प्लेक्स में ईडी के अधिकारियों ने करीब 10 घंटे तक उससे पूछताछ की, जवाब नहीं मिला तो उसे मनी लॉन्ड्रिंग और जबरन वसूली के संगीन आरोपों में गिरफ्तार कर लिया। पिछले तीन महीनों से कानून की आंखों में धूल झोंककर फरार चल रहा सोना पप्पू सोमवार को भारी सुरक्षा के बीच ईडी दफ्तर पहुंचा था। केंद्रीय एजेंसी के तीखे सवालों के सामने उसकी हालत खराब हो गई और वित्तीय हेराफेरी के ठोस सबूत मिलने के बाद देर रात ईडी ने उसे गिरफ्तार कर लिया है।

फरवरी में रवींद्र सरोवर क्षेत्र में हुई एक बड़ी घटना में उसका नाम सामने आने के बाद से वह लापता था। सोमवार को जब पप्पू ईडी कार्यालय में दाखिल हुआ, तो उससे पूछा गया कि 'क्या उसे गिरफ्तारी का डर है?' जवाब में पप्पू ने आत्मविश्वास से कहा कि मैंने कुछ भी गलत नहीं किया है।

सोना पप्पू पर कई गंभीर आरोप

दक्षिण कोलकाता के बल्लीगंज निवासी सोना पप्पू पर कस्बा और गरियाहाट क्षेत्रों में एक गिरोह को नियंत्रित करने, अवैध रूप से जमीन हड़पने, धमकियां देने और जबरन वसूली करने के गंभीर आरोप हैं। उनके खिलाफ शस्त्र अधिनियम के तहत मामला भी दर्ज किया गया है। अवैध वित्तीय लेन-देन की इस भारी रकम की तलाश में, ईडी ने पिछले साल अप्रैल में पप्पू के डेरा पर व्यापक तलाशी अभियान चलाया था। उस छापेमारी के दौरान, उनके घर से लगभग 2 करोड़ रुपये नकद, एक लग्जरी कार और करोड़ों रुपये मूल्य के कई संदिग्ध संपत्ति संबंधी दस्तावेज और रिकॉर्ड बरामद किया गया था।

काफी गहरा है पप्पू का नेटवर्क

जांच के बाद ईडी को पता चला कि पप्पू का आपराधिक नेटवर्क काफी गहरा है। इस मामले से मिले सुरागों के आधार पर जांच एजंसी ने सबसे पहले बेहाला के व्यवसायी जॉय कामदार को गिरफ्तार किया। जॉय से पूछताछ के बाद एक और सनसनीखेज जानकारी सामने आई। पिछले महीने ईडी ने फर्ना रोड स्थित कोलकाता के प्रभावशाली पुलिस अधिकारी शांतनु सिंह बिस्वास के घर पर छापा मारा। पुलिस अधिकारी को पूछताछ के लिए थाने बुलाया गया और केंद्रीय एजेंसी ने पप्पू के आपराधिक गिरोह से सीधे संबंध रखने और वित्तीय लाभ लेने के आरोप में उन्हें गिरफ्तार कर लिया। एक पुलिस अधिकारी की गिरफ्तारी ने इस मामले में एक नया मोड़ ला दिया है।

फरवरी से लंबे समय तक फरार रहने के कारण ईडी को लगा कि पप्पू किसी दूसरे राज्य में छिपा हुआ है। लेकिन उसके लौटने के बाद सवाल उठने लगे कि वह आलीशान जिंदगी कैसे जी रहा था और अपनी आर्थिक स्थिति को कैसे संभाल रहा था। पुलिस और ईडी सूत्रों के अनुसार, जांचकर्ताओं का अनुमान है कि छिपने के दौरान पप्पू को हवाला चैनलों के माध्यम से नियमित रूप से बड़ी रकम भेजी जा रही थी।

पप्पू सोना की गिरफ्तार काफी अहम

पहले शांतनु सिन्हा बिस्वास और कारोबारी जॉय कामदार और अब सोना पप्पू की गिरफ्तारी काफी अहम है। वह लंबे समय से लापता था, हालांकि वह कभी-कभी सोशल मीडिया पर लाइव आकर पुलिस को चुनौती देता था। सोमवार को सीजीओ परिसर पहुंचने के बाद ईडी की एक विशेष टीम ने उनसे पूछताछ शुरू कर दी है। पप्पू के बयान की तुलना जॉय कामदार और गिरफ्तार पुलिस अधिकारी के बयानों से की जा रही है। ईडी अब इस बात की जांच कर रहे हैं कि इस आपराधिक गिरोह का पैसा किन-किन अन्य प्रभावशाली लोगों तक पहुंचा है।

Navbharat Live
navbharatlive.com