TMC फंड केस: ED ने कोलकाता समेत 5 ठिकानों पर ताबड़तोड़ की छापेमारी, चार्टर्ड फ्लाइट कनेक्शन की जांच तेज

TMC Fund Case: टीएमसी फंड से जुड़े मामलों में ईडी ने कोलकाता समेत आसपास के 5 ठिकानों पर छापेमारी की है। इस दौरान 150 करोड़ के संदिग्ध लेनदेन के संकेत मिले हैं।
TMC funds case: ED conducts rapid raids at five locations, including Kolkata; probe into chartered flight connection intensifies.
ED रेड की प्रतीकात्मक इमेज (सोर्स- सोशल मीडिया)
Published on
Updated on

ED Raids In Kolkata: प्रवर्तन निदेशालय ने मंगलवार को तृणमूल कांग्रेस के फंड से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में कार्रवाई करते हुए पश्चिम बंगाल के कई ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की। ईडी ने यह कार्रवाई सुबह एक साथ कोलकाता समेत आसपास के पांच ठिकानों पर की। इस दौरान न्यूटाउन, हावड़ा, साल्टलेक, अलीपुर और राधाबाजार में अलग-अलग जांच टीमों ने तलाशी अभियान चलाया। यह कार्रवाई भारी केंद्रीय सुरक्षा बलों की मौजूदगी में की गई।

करोड़ों के संदिग्ध लेनदेन के मिले संकेत

एजेंसी के मुताबिक, शुरुआती जांच में ट्रैवल और एविएशन कंपनियों के माध्यम से करीब 150 करोड़ रुपये से ज्यादा की धनराशि को ट्रांसफर किए जाने का संकेत मिला है। एजेंसी इसकी जांच कर रही है। ईडी की जांच टीएमसी के तीन बैंक खातों से जुड़े लेनदेन पर केंद्रित है।

इन खातों पर हाल ही में पश्चिम बंगाल पुलिस के निर्देश पर डेबिट प्रतिबंध लगाया गया था। इन तीनों खातों में कुल मिलाकर करीब 440 करोड़ रुपए जमा हैं। पश्चिम बंगाल पुलिस भी इस मामले की समानांतर जांच कर रही है।

निजी एविएशन कंपनी के दफ्तर में भी छापेमारी

प्राप्त जानकारी के मुताबिक, जिन स्थानों पर तलाशी ली गई, उनमें एक निजी एविएशन कंपनी का दफ्तर भी शामिल है। आरोप है कि यह कंपनी चुनाव प्रचार के दौरान और अन्य आधिकारिक यात्राओं के समय पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और उनके भतीजे अभिषेक बनर्जी समेत कई अन्य पार्टी नेताओं को चार्टर्ड फ्लाइट की सुविधा उपलब्ध कराती थी।

कोर्ट से ममता को मिला था झटका

इन TMC नेताओं की शिकायत के बाद पश्चिम बंगाल पुलिस ने बैंक को पार्टी के खातों पर डेबिट प्रतिबंध लगाने का निर्देश दिया था। इसको लेकर ममता बनर्जी के नेतृत्व वाले गुट ने कलकत्ता हाईकोर्ट में चुनौती भी दी थी। हालांकि, हाईकोर्ट ने अंतरिम राहत देने से इनकार करते हुए इन खातों से प्रतिबंध नहीं हटाया था।

क्या है पूरा मामला?

बता दें, TMC के पूर्व कोषाध्यक्ष और ममता सरकार में खेल एवं बिजली मंत्री रहे अरूप बिस्वास ने बैंक को पत्र लिखकर आशंका जताई थी कि खातों में जमा धनराशि का दुरुपयोग हो सकता है। इसके बाद उन्होंने खातों को फ्रीज करने की मांग की थी।

इसके बाद TMC के बागी विधायक दल के ऋतब्रत बनर्जी ने भी बंगाल पुलिस से इन खातों पर रोक लगाने की मांग की थी। इस गुट ने आरोप लगाया कि इन खातों में भ्रष्टाचार और जबरन वसूली से हासिल की गई रकम हो सकती है।

Navbharat Live
navbharatlive.com