Allahabad High Court Conversion Verdict: आगरा के बहुचर्चित धर्मांतरण मामले में इलाहाबाद हाईकोर्ट के हालिया फैसले पर एक नई बहस शुरू हो गई है। करीब एक साल पहले आगरा पुलिस द्वारा एक अंतरराष्ट्रीय धर्मांतरण गिरोह का पर्दाफाश कर पंजाबी भाटी समाज की दो बहनों को छुड़ाने का दावा किया था। अब ये दोनों बहनों ने हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया, इसके बाद कोर्ट ने बालिगों के अपनी पसंद से धर्म और जीवनसाथी चुनने के अधिकार का हवाला देते हुए पुलिस और राज्य सरकार पर ₹25 लाख का जुर्माना लगा दिया है।
कोर्ट के फैसले के बाद हिंदूवादी संगठनों ने कड़ी आपत्ति जताई है। उनका कहना है कि इस आदेश से पुलिस प्रशासन का मनोबल टूटेगा और विदेशी फंडिंग के जरिए देश में चलाए जा रहे अवैध धर्मांतरण व लव जिहाद के खिलाफ कार्रवाई भी प्रभावित होगी। वहीं, कोर्ट के फैसले के बाद पीड़ित परिवार सुप्रीम कोर्ट जाने की तैयारी कर रहा है।