

Auto Browse Feature: जरा कल्पना कीजिए आप इंटरनेट पर सिर्फ एक लाइन लिखें और आपका ब्राउजर खुद ही होटल बुक कर दे, आपकी पसंद के अनुसार अपार्टमेंट छांट दे या गैर-जरूरी विकल्प हटा दे। यह किसी साइंस-फिक्शन फिल्म का सीन नहीं, बल्कि अब हकीकत बन चुका है। टेक दिग्गज गूगल ने अपने लोकप्रिय क्रोम ब्राउजर को Gemini AI की ताकत से लैस कर दिया है, जिसने ब्राउजिंग का तरीका ही बदल दिया है।
गूगल के इस नए अपडेट के साथ क्रोम अब सिर्फ वेबसाइट खोलने का टूल नहीं रहा, बल्कि यह आपका पर्सनल डिजिटल असिस्टेंट बनता जा रहा है। Nano Banana जैसे एडवांस फीचर्स से लेकर Auto browse तक, गूगल ने इंटरनेट इस्तेमाल करने की परिभाषा को नया रूप दे दिया है।
गूगल ने क्रोम ब्राउजर में Gemini AI के कई नए फीचर्स जोड़े हैं, जो यूजर्स के रोजमर्रा के ऑनलाइन काम को बेहद आसान बना देते हैं। इस अपडेट का सबसे चर्चित फीचर है Auto browse। यह एक एजेंटिक AI टूल है, जो यूजर के एक ही प्रॉम्प्ट पर ब्राउजर के भीतर खुद से टास्क पूरा कर सकता है। मान लीजिए आपने लिखा "मेरे पसंदीदा अपार्टमेंट्स में से वे हटा दो जो पेट-फ्रेंडली नहीं हैं," तो क्रोम खुद ही यह छंटनी कर देगा। फिलहाल यह फीचर अमेरिका में AI Pro और Ultra सब्सक्राइबर्स के लिए शुरू हुआ है, लेकिन जल्द ही अन्य देशों में भी इसके रोल-आउट की उम्मीद है।
इस अपडेट में Nano Banana नाम का एक एडवांस इमेज जनरेशन टूल भी शामिल है, जो अब सीधे क्रोम ब्राउजर के अंदर काम करेगा। इसके अलावा Personal Intelligence फीचर Gmail और Google Photos जैसे ऐप्स से जानकारी लेकर यूजर की पसंद और जरूरत के मुताबिक जवाब देगा। इतना ही नहीं, क्रोम में अब दाईं ओर एक साइड पैनल मिलेगा, जहां Gemini चैटबॉट हर समय आपकी मदद के लिए मौजूद रहेगा।
गूगल क्रोम की वाइस प्रेसिडेंट परिसा तबरीज के मुताबिक, "क्रोम अब पिछली बातचीत को याद रखेगा जिससे यूजर्स को वेब पर खोज के दौरान सटीक और पर्सनलाइज्ड उत्तर मिलेंगे।" यह फीचर खासतौर पर उन यूजर्स के लिए फायदेमंद होगा जो बार-बार एक जैसी चीजें सर्च करते हैं।
गूगल का यह कदम OpenAI के नए ब्राउजर Atlas को सीधी चुनौती के रूप में देखा जा रहा है। अक्टूबर 2025 में Atlas के लॉन्च के बाद गूगल के शेयरों में गिरावट देखी गई थी। अब गूगल अपने 'यूनिवर्सल असिस्टेंट' विजन के साथ ब्राउजर मार्केट में अपनी बादशाहत कायम रखने की पूरी तैयारी में है।