भारतीयों की उम्मीदों से खुश होती है सिंधु, जीतना चाहती है तीसरा ओलंपिक पदक

पेरिस ओलंपिक में जैसे-जैसे बैडमिंटन में पीवी सिंधु आगे बढ़ रही है। वैसे ही भारतीयों को उनसे उतनी ही ज्यादा उम्मीदें भी बढ़ रही है। दो बार की ओलंपिक पदक विजेता इस बार भी अपना बेस्ट देगी और तीसरा मेडल लाना चाहेगी।
PV Sindhu
पीवी सिंधु (सौजन्य-एक्स)
Published on
Updated on

पेरिस: ओलंपिक में अब तक के भारत की पीवी सिंधु के प्रदर्शन में भारत के लिए पदक जीतने का जज्बा साफ दिख रहा है। इस जज्बे को अब वे बरकरार रखना चाहेगी और आज के राउंड ऑफ 16 मुकाबले में फिर एक बार जीत के साथ बढ़त बनाना चाहेगी।

एस्टोनिया की क्रिस्टिन कुबा को हराकर राउंड ऑफ 16 में प्रवेश करने वाली भारतीय शटलर पीवी सिंधु रियो और लंदन ओलंपिक में अपनी सफलता के बाद लगातार तीसरा ओलंपिक पदक जीतने का लक्ष्य लेकर चल रही हैं।

सिंधु ने बुधवार को चल रहे पेरिस ओलंपिक में ग्रुप एम के अंतिम मैच में क्रिस्टिन कुबा को हराकर बैडमिंटन महिला एकल स्पर्धा के राउंड ऑफ 16 में प्रवेश किया। उन्होंने कुबा पर दबदबा बनाया और ला चैपल एरिना में 34 मिनट में 21-5, 21-10 से मैच जीत लिया।

सिंधु ने मैच के बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा, 'मैं यह चाहती हूं (तीसरा पदक जीतना)। मुझे बहुत खुशी होती है जब लोग मुझसे कहते हैं - हम आपसे वह पदक चाहते हैं।' साथ ही, 'यह बहुत सारी ज़िम्मेदारियों और दबाव के साथ आता है, लेकिन मेरे लिए शांत रहना और एक समय में एक मैच खेलना जारी रखना महत्वपूर्ण है। मैं आसान जीत की उम्मीद नहीं कर सकती। मुझे वह पदक जीतने के लिए कड़ी मेहनत करनी होगी।'

यह भी पढ़ें-

पहले गेम में सिंधु ने गति को नियंत्रित किया और केवल 14 मिनट में 21-5 से जीत हासिल की। ​​भारतीय शटलर ने अपनी फॉर्म जारी रखी और 19 मिनट में 21-10 से दूसरा गेम जीत लिया।

बिंगजियाओ से हो सकता है सामना

पीवी सिंधु अपने आगामी राउंड ऑफ़ 16 मैच में चीन की ही बिंगजियाओ का सामना कर सकती हैं। इससे पहले टोक्यो ओलंपिक में सिंधु ने ही बिंगजियाओ को हराकर कांस्य पदक हासिल किया था।

भारतीय शटलर ने इससे पहले महिला एकल स्पर्धा में मालदीव की फथीमथ नबाहा अब्दुल रज्जाक को हराया था। उन्होंने 29 मिनट तक चले गेम में 21-9, 21-6 से जीत हासिल की। ​​

(एजेंसी इनपुट के साथ)

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com