

Vaibhav Sooryavanshi Vs Sachin Tendulkar: हाल ही में खत्म हुई इंडियन प्रीमियर लीग(IPL) में कई इतिहास रचने वाले सुपर किड वैभव सूर्यवंशी (Vaibhav Sooryavanshi) ने एक और बड़ा इतिहास रच दिया है। अजीत अगरकर की अगुवाई वाली चयन समिति ने शनिवार को आयरलैंड, इंग्लैंड दौरे पर खेले जाने वाली टी20 सीरीज समेत इसी साल जापान में खेले जाने वाले एशियाई खेलों लिए वैभव सूर्यवंशी को भारतीय टीम में जगह दी है। इसी के साथ ही ये लेफ्टी बल्लेबाज भारतीय क्रिकेट के इतिहास में सचिन के कारनामे को पीछे छोड़ सबसे कम उम्र में भारतीय टीम में जगह पाने वाला खिलाड़ी बन गया है।
भारतीय टी-20 टीम में सेल्क्शन के साथ ही वैभव सूर्यवंशी ने भारतीय टीम में सबसे कम उम्र में सचिन तेंदुलकर के कारनामे को मिटा दिया है। सचिन जब पहली बार साल 1989 में पाकिस्तान दौरे के लिए टीम इंडिया में चुने गए थे, तब उनकी उम्र 16 साल और 205 दिन थी, लेकिन शनिवार को टीम इंडिया के ऐलान के साथ ही वैभव ने 15 साल और 15 दिन की उम्र में ही टीम इंडिया का हिस्सा बनकर अब इस रिकॉर्ड को अपने नाम कर लिया है। फिलहाल, यह वैभव के सचिन तेंदुलकर के रिकॉर्ड तोड़ने की मात्र शुरुआत भर है। अबी वैभव के फैंस सचिन का एक और रिकॉर्ड टूटने का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं। वैभव सूर्यवंशी ने सेलेक्शन के मामले में तो सचिन को पीछे छोड़ दिया है। अब वह सबसे कम उम्र में भी भारत के लिए डेब्यू के मामले में भी सचिन के रिकॉर्ड को तोड़ने की तैयारी में हैं।
बता दें कि सचिन तेंदुलकर ने 18 दिसंबर साल 1989 को 16 साल और 238 दिन की उम्र में पाकिस्तान के खिलाफ टीम इंडिया के लिए पहला वनडे मैच खेला था। वहीं, अगर वैभव इस महीने की 26 तारीख को आयरलैंड के खिलाफ अगर भारतीय इलेवन में शामिल होते हैं, तो वह 15 साल और 71 दिन की उम्र में ही टीम इंडिया के लिए खेलने वाले सबसे कम उम्र के खिलाड़ी बन जाएंगे।
वैभव सूर्यवंशी के टीम इंडिया में चयन के साथ ही अब करोड़ों भारतीय प्रशंसकों खासकर वैभव के चाहने वालों को यह भी लग रहा है कि सूर्यवंशी अब सबसे कम उम्र में भारत के लिए शतक जड़ने वाले बल्लेबाज भी बन जाएंगे। सचिन तेंदुलकर की बात करें तो उन्होंने 14 अगस्त, 1990 को 17 साल और 112 दिन की उम्र में इंग्लैंड के खिलाफ टेस्ट मैच में शतक लगाया था। उस वक्त सचिन ने ओल्ड ट्रैफर्ड, मैनचेस्टर में 189 गेंदों पर नाबाद 119 रन बनाए थे।
वहीं, वैभव ने पिछले साल आईपीएल में 28 अप्रैल को गुजरात के खिलाफ जब 38 गेंदों पर 101 रन बनाए थे, तो उन्होंने ये कारनामा महज 14 साल और 32 दिन की उम्र में किया था। लेकिन अगर वह भारत के लिए शतक लगाते हैं तो यह एक अलग उपलब्धि होगी।