

Temple Donation Controversy Debate: पड़ोसी ने हमसे कहा, 'निशानेबाज, इन दिनों मंदिर पर जोर-शोर से चर्चा जारी है। चंदा चोरी को लेकर हर बंदा चिंतित है कि किसके गले में फंदा पड़ेगा। आपको भी मंदिर की महत्ता पर अपनी राय देनी चाहिए।'
हमने कहा, 'रामायण काल में घर को मंदिर कहा जाता था। संत तुलसीदास लिखित रामचरित मानस में लिखा है- गयऊ दशानन मंदिर माही, अति विचित्र कही जात सो नाहीं! इसका आशय है कि हनुमानजी सीता की खोज के लिए रावण के महल या निवास में गए जो अत्यंत भव्य और विचित्र था। जब हनुमानजी ने लंका दहन किया तो कहा गया- देह विशाल परम हरुआई, मंदिर ते मंदिर चढ़ धाई। हनुमानजी दौड़कर एक से दूसरे मकान पर कूदते चले गए और अपनी पूंछ में लगाई गई आग से विभीषण का घर छोड़कर सारी लंका जला दी।'
पड़ोसी ने कहा, 'निशानेबाज, अमिताभबच्चन के पिता व हिंदी के मशहूर कवि डॉ. हरिवंश राय बच्चन ने अपनी कृति 'मधुशाला' में लिखा था- मंदिर-मस्जिद बैर कराते, मेल कराती मधुशाला!'
हमने कहा, 'फिल्मी गीतकार भी मंदिर के प्रति बहुत गहरी आस्था रखते हैं। मंदिर के एक खास उपयोग का उल्लेख करते हुए फिल्म की हीरोइन गाती है मैं तुझसे मिलने आई मंदिर जाने के बहाने ! एक बड़ा पुराना गीत है- तेरे पूजन को भगवान, बनाऊं मंदिर आलीशान ! इस गाने में हिंदी और उर्दू का मेल है।
भगवान शब्द हिंदी का है और आलीशान शब्द उर्दू का है जिसका अर्थ भव्य होता है। फिल्म 'अमर' का गीत था इंसाफ का मंदिर है ये, भगवान का घर है, कहना है जो कह दे, तुझे किस बात का डर है। राजकुमार, मीनाकुमारी और राजेंद्रकुमार की फिल्म 'दिल एक मंदिर' का गीत था दिल एक मंदिर है, प्यार की जिसमें होती है पूजा, ये ईश्वर का घर है।' हेमंतकुमार की आवाज में एक अन्य फिल्मी गीत है छुपा लो यूं दिल में प्यार मेरा कि जैसे मंदिर में लौ दीये की!'
पड़ोसी ने कहा-'निशानेबाज, भक्तजन मंदिर की चौखट पर अपना माथा रगडते हैं। चंदा चोरों को अदालत की चौखट पर जाना पड़ेगा। शायद छुटभैयों को सजा होगी और बड़े मगरमच्छ बच जाएंगे !'