

Sita Navami Ke Upay For Couples : 25 अप्रैल शनिवार को सीता नवमी मनाई जा रही है। हर साल वैशाख महीने की शुक्ल पक्ष की नवमी तिथि को मनाया जाने वाला सीता नवमी का पर्व सुहागन महिलाओं के लिए बड़ा रखता है। इस दिन सुहागन महिलाएं अपने पति की लंबी उम्र और रिश्ते में मिठास के लिए व्रत करती हैं। ज्योतिष के अनुसार, इस खास दिन पर कुछ आसान उपाय करने से पति-पत्नी के बीच मनमुटाव खत्म हो सकते हैं और जीवन में सुख-शांति बनी रहती है।
ज्योतिष- शास्त्र के अनुसार, सीता नवमी के दिन विवाहित महिलाएं इस दिन मां सीता की मूर्ति या तस्वीर पर सिंदूर चढ़ाकर अपने पति के लंबी उम्र और प्रेम की कामना करें। इससे दांपत्य जीवन में स्थिरता आती है।
कहा जाता है कि, दांपत्य जीवन में स्थिरता और खुशहाली लाने के लिए किसी जरूरतमंद या ब्राह्मणी को सुहाग की चीजें जैसे चूड़ी, बिंदी, सिंदूर दान करें। ऐसा करने से वैवाहिक जीवन में आ रही रुकावटें दूर होती हैं।
इस दिन पीले कपड़े पहनकर पूजा करना शुभ माना जाता है। इससे मां लक्ष्मी की कृपा भी मिलती है और घर में सुख-शांति आती है।
सीता नवमी पर रामचरितमानस के सुंदरकांड या विवाह प्रसंग का पाठ करना बेहद फलदायी होता है। इससे पति-पत्नी के बीच प्रेम बढ़ता है और रिश्ते में समझ आती है।
अगर दांपत्य जीवन में तनाव चल रहा है, तो शाम के समय भगवान राम और माता सीता की प्रतिमा के सामने घी का दीपक जलाएं। दीपक में एक चुटकी हल्दी डाल दें। यह उपाय घर की नकारात्मक ऊर्जा को खत्म कर सुख-शांति लाता है।
पौराणिक मान्यताओं के अनुसार मिथिला के राजा जनक को हल चलाते समय धरती से मिले कलश से माता सीता प्राप्त हुई थीं। इसलिए उन्हें भूमिजा कहा जाता है। इसके अलावा जनक जी की पुत्री होने से उनको जनकनंदिनी के नाम से भी जाना जाता है। इस दिन विवाहित महिलाएं पति की लंबी उम्र संतान सुख और परिवार की खुशहाली के लिए व्रत रखती हैं।