भूमिहार या मारवाड़ी वैश्य? अयोध्या विवाद के बीच सामने आई राम मंदिर ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय की असली पहचान

Who is Champat Rai: अयोध्या के श्री राम मंदिर में चढ़ावा कांड को लेकर श्री राम मंदिर अयोध्या ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय घेरे में आ गए है। इस बीच उनकी जाति को लेकर भी कई अटकलें लगाई जा रही है। जानें आखिर कौन है चंपत राय और उनका पूरा जीवन।
champat rai with pm narendra modi
पीएम मोदी और राम मंदिर ट्रस्ट के साथ चंपत राय (सौजन्य-सोशल मीडिया)
Updated on
champat rai sit investigation
आयोध्या चढ़ावा कांड आने के बाद से विभिन्न जातियों को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं। ऐसे ही सवाल श्री राम मंदिर अयोध्या ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय की जाति को लेकर भी उठ रहें है। सोशल मीडिया पर कई लोगों द्वारा चंपत राय को भूमिहार जाति से जोड़कर बताया जा रहा हैं।
champat rai
18 नवंबर 1946 को पश्चिम उत्तर प्रदेश के बिजनौर जिले के नगीना कस्बे का सरायमीर मोहल्ला निवासी रामेश्वर प्रसाद बंसल और सावित्री देवी के घर एक बच्चे का जन्म हुआ। उनका नाम चंपत राय बंसल रखा गया। मारवाड़ी (वैश्य) परिवार में जन्मे चंपत बचपन से ही शांत स्वभाव के थे।
rss champat rai
चंपत के पिता रामेश्वर जीवन के शुरुआती दिनों से ही राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के सदस्य थे। पिता को देख उन्होंने भी आरएसएस में शामिल होने का फैसला किया।
ayodhya ram mandir champat rai controversy
वैश्य होने और बर्तन बेचने का परिवारिक कारोबार होने के बावजूद उन्हें पढ़ने-लिखने का भी बहुत शौक था। चंपत राय आरएसएस से जुड़ने से पहले वह धामपुर के एक कॉलेज में रसायन विज्ञान (Chemistry) के प्रोफेसर थे।
rss champat rai controversy
श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव, चंपत राय अविवाहित हैं। उन्होंने अपना पूरा जीवन राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) और राम मंदिर आंदोलन को समर्पित कर दिया है और वे आजीवन ब्रह्मचारी रहे हैं।
rss champat rai ram mandir controversy
आपातकाल: 1975 में आपातकाल (Emergency) के दौरान, उन्होंने 18 महीने जेल में बिताए थे और बाद में अपनी सरकारी नौकरी छोड़कर पूर्णकालिक रूप से संघ के प्रचारक बन गए थे।
ayodhya champat rai controversy
चंपत राय को उन्हें राम मंदिर आंदोलन का 'इनसाइक्लोपीडिया' भी कहा जाता है। वह 1980 के दशक से ही इस आंदोलन से गहराई से जुड़े रहे हैं और कानूनी लड़ाई के लिए ऐतिहासिक साक्ष्य और दस्तावेज जुटाने में उनकी प्रमुख भूमिका रही है।
allegations on champat rai sit investigation
भाजपा के पूर्व सांसद विनय कटियार ने चंपत राय को व्यक्तिगत रूप से जिम्मेदार ठहराने और बर्खास्त करने की मांग की है। राम जन्मभूमि कार्यकर्ता संतोष दुबे ने आरोप लगाया है कि राम मंदिर से लगभग 1,250 सोने, चांदी, हीरे जड़े और अष्टधातु की ईंटें भी गायब हुई हैं।
champat rai controversy
अयोध्या के राम मंदिर में दान पात्रों से धनराशि चोरी होने के मामले को लेकर सोशल मीडिया पर फैल रही चर्चाओं और राजनीतिक बयानों के बीच श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने पूरे प्रकरण की विशेष जांच दल (SIT) की जांच की जा रही है। इस मामले में राम मंदिर ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय सवालों के घेरे में हैं।

संबंधित खबरें

No stories found.
Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com