श्रीराम जन्मभूमि मंदिर समेत रामकोट क्षेत्र के 108 प्रमुख मंदिरों को समाहित करते हुए संत-महात्माओं ने करीब चार किलोमीटर की परिक्रमा 21 अगस्त 2025 से नियमित रूप से शुरू की थी। बीते एक वर्ष से संत और रामभक्त प्रतिदिन सुबह रामकोट की नित्य परिक्रमा करते हैं। परिक्रमा पूरा करने में एक घंटे से भी कम समय लगता है।(सोर्स- फोटो नवभारत लाइव)