

ठाणे : कोंकण विभाग के अंतर्गत आने वाले ठाणे जिला सहित कुल 5 जिलों की सड़कें अब चकाचक होने वाली है। क्योंकि राज्य में मौजूदा सड़कों को अपग्रेड करने के लिए मुख्यमंत्री ग्राम सड़क योजना (Chief Minister Village Road Scheme) फेज-1 की तर्ज पर योजना का दूसरा चरण शुरू किया गया है। इसके लिए प्रत्येक वर्ष जिला योजना समिति को उपलब्ध धनराशि का 10% जिला योजना समिति को मुख्यमंत्री ग्राम सड़क योजना चरण-2 हेतु उपलब्ध कराया जायेगा।
सड़क क्षेत्र के लिए प्रदान की गई धनराशि के अलावा, यह फंड कोंकण क्षेत्र के ठाणे (Thane), पालघर (Palghar), रायगढ़ (Raigad), रत्नागिरी (Ratnagiri), सिंधुदुर्ग (Sindhudurg) जिलों में योजना के दूसरे चरण में कुल 1256 किलोमीटर की दूरी वाले सड़कों मरम्मतीकरण का नवीनीकरण के लिए कुल 125 करोड़ 60 लाख रुपए की राशि प्रदान की गई है। इस संबंध में योजना विभाग ने 18 मई को शासनादेश जारी किया है।
मुख्यमंत्री ग्राम सड़क योजना द्वितीय चरण के लिए ठाणे जिले को 130 किमी लंबी सड़क, पालघर जिले को 251 किमी, रायगढ़ को 243 किमी, रत्नागिरी को 359 किमी और सिंधुदुर्ग को 273 किमी लंबी सड़क को निर्माण करने का लक्ष्य दिया गया। इस लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए प्रत्येक जिले को 75 लाख रुपए प्रति किमी खर्च करने की उम्मीद है। इस प्रकार ठाणे जिले में 97.50 लाख रुपए , पालघर 188 करोड़ 25 लाख रुपए, रायगढ़ 182 करोड़ 25 लाख, रत्नागिरी 269 करोड़ 25 लाख और और सिंधुदुर्ग जिले की सड़कों के लिए 204 करोड़ 75 लाख रूपए खर्च होने का अनुमान है। इन कार्यों के लिए जिला वार्षिक योजना (सामान्य) के तहत वर्ष 2022-23 में ठाणे जिले को 13 करोड़, पालघर को 25 करोड़ 10 लाख, रायगढ़ को 24 करोड़ 30 लाख, रत्नागिरी को 35 करोड़ 90 लाख और सिंधुदुर्ग को 27 करोड़ 30 लाख की सहायता दी जाएगी। इस कार्य के लिए प्रत्येक जिले को 2022-23 में प्रदान की गई धनराशि के समान ही 2023-24 में प्राप्त होगी।
मुख्यमंत्री ग्राम सड़क योजना द्वितीय चरण में ग्रामीण सड़कों के उन्नयन हेतु 10 हजार किमी। ऐसा दीर्घकालिक लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इसके अंतर्गत निर्धारित उद्देश्य के अनुसार सड़क की लंबाई जिलेवार आवंटित की गई है। ग्रामीण विकास विभाग द्वारा सड़क की लंबाई के जिलेवार आवंटन के अनुसार, सरकार ने रुपए प्रदान करने की मंजूरी दी है। यह निधि जिला वार्षिक योजना (सामान्य) के अंतर्गत क्रियान्वित की जाने वाली सड़क सम्बन्धी योजनाओं के लिये उपलब्ध करायी गयी धनराशि के अतिरिक्त होगी।