ठाणे मनपा में तीन साल के प्रशासनिक कार्यों पर घमासान, भाजपा ने मांगा फंड खर्च का पूरा हिसाब

Thane Municipal के तीन साल दस महीने के प्रशासनिक कार्यकाल पर सवाल खड़े हो गए हैं। भाजपा पार्षद ने राज्य सरकार से मिली निधि और उसके वार्डवार उपयोग का पूरा ब्योरा मांगा है।
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(प्रतीकात्मक तस्वीर)
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Thane Municipal Corporation Fund: पिछले तीन वर्षों से ठाणे मनपा में चल रहे प्रशासनिक कार्यों पर लगातार चर्चा हो रही है। मनपा चुनाव के बाद आयोजित होने वाली पहली आम बैठक में भाजपा के एक नगरसेवक ने तीन साल के कार्यकाल में किए गए कार्यों के बारे में जानकारी मांगी है।

इस दौरान राज्य सरकार से कितनी धनराशि प्राप्त हुई और किस वार्ड में उसका उपयोग किया गया, इस पर कई सवाल उठे हैं, जिससे प्रशासनिक कार्यों पर प्रश्नचिह्न लग गए हैं। ठाणे नगर मनपा का पांच वर्षीय कार्यकाल 6 मार्च, 2022 को समाप्त हो गया था।

तब से ठाणे मनपा में प्रशासनिक शासन लागू था। हाल ही में ठाणे मनपा के चुनाव हुए हैं। महापौर और उपमहापौर के चुनाव के साथ ही मनपा में तीन साल और दस महीने का प्रशासनिक शासन समाप्त हो गया है। अब महापौर और उपमहापौर के नेतृत्व में मनपा का कामकाज शुरू हो गया है और चुनाव के बाद पहली आम बैठक 20 फरवरी को होगी।

भाजपा हुई आक्रामक

  • हालांकि, इस बैठक में नौपाड़ा से भाजपा पार्षद मृणाल पेंडसे ने प्रशासनिक कार्यों के बारे में जानकारी मांगी है। इससे ऐसा प्रतीत होता है कि भाजपा प्रशासन को फंसाने की कोशिश कर रही है। कोरोना काल के बाद नगरपालिका की आर्थिक स्थिति और भी खराब हो गई। प्रशासनिक कार्यकाल के दौरान विकास कार्यों के लिए नगरपालिका के खजाने में पर्याप्त धनराशि उपलब्ध नहीं थी।
  • इसी दौरान वर्तमान उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे मुख्यमंत्री बने, उन्होंने शहरी विकास विभाग के माध्यम से नगरपालिका को विकास कार्यों के लिए बड़ी मात्रा में धनराशि उपलब्ध कराई। लेकिन जहां लगातार आरोप लग रहे हैं कि प्रशासन द्वारा इन निधियों का उचित उपयोग नहीं किया गया, वहीं अब भाजपा ने स्वयं इस दौरान किए गए कार्यों पर सवाल उठाए हैं।
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