ठाणे में झोलाछाप डॉक्टरों पर कार्रवाई की तैयारी, IVF और सोनोग्राफी केंद्रों की जांच तेज

Thane Municipal Corporation की आमसभा में फर्जी डॉक्टरों का मुद्दा जोर-शोर से उठा। प्रशासन ने दवाखानों की जांच कर सख्त कार्रवाई का भरोसा दिया है, वहीं IVF और सोनोग्राफी केंद्रों की भी जांच जारी है।
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(प्रतीकात्मक तस्वीर)
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Thane Fake Doctors Issue News: ठाणे मनपा क्षेत्र के मुंब्रा, कलवा, दिवा, वागले इस्टेट सहित अन्य इलाकों में फर्जी (झोलाछाप) डॉक्टरों की भरमार है। झोपड़पट्टी इलाकों में दवाखाना खोल कर लोगों के जीवन के साथ खिलवाड़ किया जा रहा है।

यह मुद्दा बुधवार को ठाणे मनपा की आम सभा में नगरसेवकों ने उठाया। मनपा प्रशासन की तरफ से कहा गया कि दवाखानों की जांच कर फर्जी डॉक्टरों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।

मनपा की आम सभा में प्रशासन की तरफ से मानद डॉक्टरों की नियुक्ति का प्रस्ताव लाया गया था। जिस पर चर्चा के करते हुए शिवसेना के नगरसेवक राजेश मोरे ने मानद डॉक्टरों के पैनल सहित आईवीएफ, सोनोग्राफी सेंटर व फर्जी डॉक्टरों का मुद्दा उठाया।

ठाणे शहर में 11 IVF केंद्र, 21 केंद्र मंजूरी की प्रतीक्षा में

मनपा की आम सभा में बताया गया कि ठाणे मनपा क्षेत्र में 11 आईवीएफ केंद्र हैं, जबकि 21 मंजूरी की प्रतीक्षा में हैं। मनपा व स्वास्थ्य उप निदेशक ने मंजूरी दी है लेकिन पुणे के विभागीय कार्यालय से अभी तक मंजूरी नहीं मिली है। बदलापुर में अंडाणु की बिक्री का मामला उजागर होने के बाद से आईवीएफ केंद्र की 6 टीमों द्वारा जांच शुरू की गयी है। इसी तरह मनपा क्षेत्र के 259 सोनोग्राफी केंद्र की जांच 10 टीमों के मार्फत की जा रही है।

नेताओं की स्टेटस वाले अधिकारियों पर भड़के विपक्ष के नेता

ठाणे महानगर पालिका के कुछ अधिकारियों ने अपने स्टेटस पर नेताओं की फोटो लगा रहे हैं। जिस पर मनपा में विपक्ष के नेता शानू पठान ने कड़ा एतराज जताया है। महानगरपालिका की आम सभा की शुरुआत में ही विपक्ष के नेता शानू पठान ने इस मुद्दे को उठाते हुए कहा कि सरकारी एवं अर्ध सरकारी सेवा से जुड़े अधिकारियों व कर्मचारियों को निष्पक्ष रहना चाहिए लेकिन, ठाणे मनपा के कुछ अधिकारी अपने स्टेटस पर नेताओं की फोटो लगा रहे हैं।

तो क्या ये अधिकारी राजनीतिक पार्टियों के कार्यकर्ता हैं? उन्होंने कहा कि मनपा के अधिकारी पूरे शहर के लिए हैं। वे किसी राजनीतिक पार्टी के कार्यकर्ता नहीं हैं। अब यह सवाल उठना लाजमी है कि अधिकारी खुद अपने स्टेटस पर नेताओं की फोटो लगा रहे हैं, तो वे नागरिकों या दूसरी पार्टियों के लोगों को न्याय कैसे देंगे? पठान ने कहा कि महापौर व आयुक्त को इस बारे में निर्देश देने चाहिए या संबंधित अधिकारियों को इस्तीफा देकर किसी राजनीतिक पार्टी में शामिल होकर चुनाव लड़ना चाहिए।

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