

Eknath Shinde: ठाणे मनपा चुनाव नजदीक आते ही महाराष्ट्र की राजनीति में आयाराम-गयाराम का खेल तेज हो गया है। नेता और पदाधिकारी एक दल छोड़ दूसरे दल का दामन थाम रहे हैं। मंगलवार को इसका बड़ा उदाहरण ठाणे में देखने को मिला, जहां राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरद पवार गुट) के कई पदाधिकारियों ने उप मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे की मौजूदगी में शिवसेना का भगवा ओढ़ लिया।
शिवसेना मुख्यालय आनंद आश्रम में आयोजित भव्य प्रवेश कार्यक्रम में डीसीएम एकनाथ शिंदे ने पार्टी की रीति-नीति और राजनीति पर खुलकर अपनी बात रखी। शिंदे ने कहा- “मेरे हाथ में सत्ता है, मेरे पास अधिकार हैं, लेकिन मैंने कभी सत्ता का दुरुपयोग नहीं किया। हमारी पार्टी में भाई-भतीजावाद के लिए कोई जगह नहीं है। यहां मेहनत और समर्पण से ही पहचान और सम्मान मिलता है।”
एकनाथ शिंदे ने कार्यक्रम में यह भी कहा कि जो लोग पहले शिवसेना के खिलाफ काम कर रहे थे, आज वही हमारी पार्टी में शामिल हो रहे हैं। लेकिन हमने कभी उनके खिलाफ दुर्भावना नहीं रखी। राजनीति दूरदर्शिता से करने का नाम है, और शिवसेना यही सिखाती है।
इस मौके पर सांसद श्रीकांत शिंदे, शिवसेना सचिव राम रेवाले, ठाणे लोकसभा संपर्क प्रमुख मनोज विधि, पूर्व नगरसेवक योगेश जानकर समेत बड़ी संख्या में पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे।
एनसीपी (शरद पवार गुट) के पदाधिकारी विक्रम खामकर, प्रफुल्ल कांबले, पीटर डिसूजा, विलास पाटिल, अभिषेक कुमालकर और सुनील कुराडे सहित कई नेताओं ने शिवसेना की सदस्यता ग्रहण की। इस सामूहिक प्रवेश से शिवसेना का ठाणे में जनाधार और मजबूत होने का दावा किया जा रहा है।
कार्यक्रम के पहले उप मुख्यमंत्री शिंदे ने परिवार के साथ दुर्गा माता की पूजा-अर्चना भी की और फिर मंच से शिवसैनिकों को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि शिवसेना में अवसरवाद नहीं, बल्कि ईमानदारी और निष्ठा का बोलबाला है।