सुहागरात को लुटेरी दुल्हन हो जाती थी फरार, मुंबई,ठाणे, जलगांव और अहिल्या नगर में लूट को दिया अंजाम

Looteri Dulhan: ठाणे पुलिस ने फर्जी शादी कर लूटने वाली नेहा खंडेलवाल उर्फ जन्नत को किया गिरफ्तार। शातिर जन्नत ने मुंबई, ठाणे जलगांव और अहिल्या नगर में भी दिया था लूट को अंजाम।
Looteri Dulhan Arrest Thane
Looteri Dulhan Arrest Thane प्रतीकात्मक तस्वीर (सोर्स AI)
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Looteri Dulhan Arrest Thane: महाराष्ट्र के ठाणे जिले में पुलिस ने एक ऐसे गिरोह का पर्दाफाश किया है, जो फर्जी शादी के नाम पर कुंवारे पुरुषों को अपना शिकार बनाता था। मीरा भायंदर-वसई विरार (MBVV) पुलिस ने एक 'लुटेरी दुल्हन' और उसके सहयोगी को गिरफ्तार किया है, जो शादी के कुछ ही घंटों बाद दूल्हे के घर से कीमती सामान समेटकर रफूचक्कर हो जाती थी।

इस गिरोह ने मुंबई, ठाणे, जलगांव और अहिल्या नगर जैसे कई जिलों में ठगी और चोरी की वारदातों को अंजाम देकर सनसनी फैला दी थी।

एस्टेट एजेंट को बनाया निशाना, 4.5 लाख की लूट

जांच में सामने आया कि आरोपियों ने मीरा भायंदर के एक 53 वर्षीय एस्टेट एजेंट को शादी का झांसा दिया। गिरोह ने एक युवती की तस्वीर दिखाकर उसे शादी के लिए राजी किया। पीड़ित व्यक्ति आरोपियों के जाल में इस कदर फंस गया कि उसने शादी की तैयारियों के नाम पर विभिन्न बैंक खातों में 45,750 रुपये ट्रांसफर कर दिए। सुहागरात के समय, जब पीड़ित का भरोसा पूरी तरह जीत लिया गया, तब मौका पाकर 'दुल्हन' घर से 4.56 लाख रुपये के सोने के गहने, एक लैपटॉप और अन्य कीमती सामान लेकर फरार हो गई।

गिरफ्तारी और अंतरराज्यीय कनेक्शन का खुलासा

पीड़ित की शिकायत के बाद पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 318(4) (धोखाधड़ी) और 303(2) (चोरी) के तहत मामला दर्ज किया। तकनीकी जांच और खुफिया जानकारी के आधार पर पुलिस ने 22 वर्षीय नेहा खंडेलवाल उर्फ जन्नत और 45 वर्षीय केसरिमल लक्ष्मीलाल रांका को गिरफ्तार कर लिया। नेहा वही महिला है जिसने 'दुल्हन' बनकर पीड़ित को ठगा था। पुलिस पूछताछ में यह चौंकाने वाला खुलासा हुआ कि इस जोड़ी ने केवल ठाणे ही नहीं, बल्कि जोगेश्वरी, बोरीवली, जलगांव और अहिल्या नगर में भी इसी तरह की कई वारदातों को अंजाम दिया है।

संगठित ठगी का पैटर्न

पुलिस अधिकारियों के अनुसार, यह गिरोह एक संगठित तरीके से काम करता था, जिसमें पहले उम्रदराज या शादी के लिए इच्छुक पुरुषों को निशाना बनाया जाता था, फिर फर्जी बिचौलियों के जरिए विश्वास पैदा कर 'मैरिज कॉन्ट्रैक्ट' जैसा माहौल बनाया जाता था। फिलहाल पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि इस गिरोह में और कितने लोग शामिल हैं और अब तक इन्होंने कुल कितनी संपत्ति की ठगी की है। प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि शादी जैसे संवेदनशील मामलों में बिचौलियों की पूरी जांच-पड़ताल के बाद ही आगे बढ़ें।

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