

Pune Municipal Corporation Water Supply Issue: वडगांव शेरी विधानसभा क्षेत्र तथा प्रभाग क्रमांक 2 में लंबे समय से जारी दूषित और अनियमित जलापूर्ति की समस्या को लेकर नागरिकों में भारी नाराजगी थी। नागरिकों के आंदोलन के बाद पुणे महानगर पालिका प्रशासन सक्रिय हुआ है। मामले की गंभीरता को देखते हुए आयुक्त नवल किशोर राम ने मंगलवार को नागपुर चॉल, मुंजाबा बस्ती और भामा-आसखेड जल परियोजना का दौरा कर स्थिति का प्रत्यक्ष निरीक्षण किया।
इस दौरान उन्होंने संबंधित अधिकारियों को समस्या के स्थायी समाधान के लिए तत्काल प्रभावी कदम उठाने के निर्देश दिए। नागरिकों को मिला बड़ा आश्वासन आयुक्त ने स्थानीय नागरिकों से संवाद कर उनकी समस्याएं सुनीं।
उन्होंने स्पष्ट कहा कि जब तक प्रभावित क्षेत्रों में गंदे और मटमैले पानी की समस्या पूरी तरह समाप्त नहीं हो जाती और स्वच्छ व नियमित जलापूर्ति बहाल नहीं होती, तब तक प्रस्तावित पानी कटौती लागू नहीं की जाएगी। आयुक्त के इस आश्वासन से लंबे समय से जल संकट और दूषित पानी की समस्या से जूझ रहे नागरिकों को बड़ी राहत मिली है।
निरीक्षण के दौरान जलापूर्ति विभाग प्रमुख नंदकुमार जगताप, परियोजना प्रबंधक रामदास तारु, अविनाश सपकाल, विजय केलकर और एकनाथ गाडेकर सहित कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे। आयुक्त ने अधिकारियों के साथ बैठक कर जलापूर्ति व्यवस्था में आ रही तकनीकी समस्याओं, पानी के दूषित होने के कारणों और परियोजना की वर्तमान स्थिति की समीक्षा की।
उन्होंने कहा कि पुणे नागरिकों के स्वास्थ्य से जुड़े इस विषय पर किसी प्रकार का समझौता नहीं होगा। अधिकारियों को आवश्यक तकनीकी सुधार कर सुरक्षित पेयजल उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए। इस अवसर पर नगरसेविका नंदिनी सिद्धार्थ धेंडे, शीतल सावंत, सुहास टिंगरे, रवि टिंगरे, पूर्व उपमहापौर डॉ. सिद्धार्थ धेंडे सहित कई जनप्रतिनिधि और अधिकारी मौजूद रहे।