

Protest For Poor Roads Water And Traffic Facilities: देश के प्रमुख IT हब हिंजवडी में बुनियादी सुविधाओं की बदहाली के खिलाफ रविवार को हजारों IT कर्मचारी और स्थानीय नागरिक सड़कों पर उतरे। राजीव गांधी इन्फोटेक पार्क सहित मान और मारूंजी क्षेत्र की समस्याओं को लेकर ‘स्मार्ट IT सिटी संकल्प मूक मोर्चा’ निकाला गया, जिसे व्यापक समर्थन मिला।
शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) के नेता आदित्य ठाकरे भी मोर्चे में शामिल हुए और आंदोलन को समर्थन दिया। इन्फोसिस सर्कल से शुरू हुआ मोर्चा शिवाजी चौक मार्ग से होते हुए वापस इन्फोसिस सर्कल पहुंचा, जहां इसका समापन हुआ। हाथों में विभिन्न मांगों की तख्तियां लेकर IT कर्मचारी, स्थानीय नागरिक और संगठनों के प्रतिनिधि शांतिपूर्ण तरीके से शामिल हुए।
आंदोलनकारियों ने सड़क, पानी और सार्वजनिक परिवहन की खराब व्यवस्था पर नाराजगी जताई। उनका कहना है कि रोजाना कर्मचारी और विद्यार्थी घंटों ट्रैफिक जाम में फंसते हैं। गड्ढों से भरी सड़कों और पानी की समस्या से लोगों की परेशानी बढ़ गई है।
आंदोलनकारियों के अनुसार, हिंजवडी मान-मारूंजी क्षेत्र विभिन्न सरकारी और स्थानीय प्रशासनिक एजेंसियों के अधिकार क्षेत्र में बंटा हुआ है। संबंधित एजेंसियों के बीच पर्याप्त समन्वय नहीं होने के कारण विकास कार्यों और समस्याओं के समाधान में देरी हो रही है।
बार-बार मांग और फॉलोअप के बावजूद अपेक्षित कार्रवाई नहीं होने के कारण नागरिकों को आंदोलन का रास्ता अपनाना पड़ा।
इसके अलावा मुलशी बांध से 2 टीएमसी पानी आरक्षित करने, जिलाधिकारी और मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस स्तर पर नियमित समीक्षा बैठके आयोजित करने तथा प्रत्येक समस्या के समाधान के लिए निश्चित समयसीमा तय करने की मांग की गई।
आंदोलनकारियों ने स्पष्ट किया कि हिंजवडी जैसे महत्वपूर्ण आईटी केंद्र के विकास के लिए केवल उद्योगों का विस्तार पर्याप्त नहीं है, बल्कि कर्मचारियों और नागरिकों को बेहतर सड़क, पानी, परिवहन और अन्य मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराना भी जरूरी है।
इस आंदोलन में स्थानीय किसान और नागरिकों के साथ रेसिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन मान, हिंजवडी-माण-मारूजी इंफ्रा फोरम, फोरम फॉर आईटी एम्प्लॉइंज, हिंजवडी एम्प्लॉईज एंड रेसिडेंट्स ट्रस्ट तथा पिंपरी-चिंचवड व मुलशी को-ऑप हाउसिंग फेडरेशन सहित विभिन्न संगठनों ने भाग लिया।
आंदोलनकारियों का कहना है कि पिछले कुछ वर्षों में हिंजवडी, मान और मारूजी क्षेत्र में तेजी से शहरीकरण हुआ है। आंदोलनकारियों ने मान-शिवाजीनगर मेट्रो के लिए लंबित भू-अधिग्रहण तत्काल पूरा कर मेट्रो का काम गति से शुरू करने की माग की। मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में हिंजवडी क्षेत्र की सभी सरकारी एजेंसियों की संयुक्त बैठक आयोजित करने की मांग भी की गई।
हिंजवडी-माण-मारूंजी के लिए स्वतंत्र महानगरपालिका स्थापित करने, वाकड फ्लाईओवर, भूमकर चौक, पुनावले और ताथवडे अंडरपास में ट्रैफिक जाम की समस्या दूर करने तथा ट्रैफिक पुलिस की संख्या दोगुनी करने की मांग रखी गई।