

Pune Police Ganeshotsav: पुणे में गणेशोत्सव के दौरान लाखों श्रद्धालुओं की भीड़ और शहर के मध्य भाग में होने वाली गतिविधियों को देखते हुए पुणे पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था को अंतिम रूप दे दिया है।
पुलिस की नजर केवल सड़कों और गणेश मंडलों तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि सीसीटीवी, सोशल मीडिया मॉनिटरिंग, सादी वर्दी में पुलिसकर्मी और त्वरित प्रतिक्रिया दल के जरिए पूरे उत्सव क्षेत्र पर निगरानी रखी जाएगी।
पुलिस आयुक्त अमितेश कुमार के नेतृत्व में सुरक्षा, यातायात और भीड़ नियंत्रण के लिए बहुस्तरीय व्यवस्था तैयार की गई है। पुणे के मध्य भाग में स्थित प्रमुख गणेश मंडलों, बाजार क्षेत्रों और दर्शन मार्गों पर सर्वाधिक भीड़ रहने की संभावना है।
इन क्षेत्रों में पुलिस की अतिरिक्त तैनाती के साथ भीड़ के आवागमन पर लगातार नजर रखी जाएगी। अचानक भीड़ बढ़ने की स्थिति से निपटने के लिए अतिरिक्त मनुष्यबल और आपातकालीन प्रतिक्रिया व्यवस्था तैयार रखी गई है। पुलिस के लिए सबसे बड़ी चुनौती श्रद्धालुओं की सुरक्षित आवाजाही का सुचारु संचालन बनाए रखना है।
इसके लिए आवश्यकतानुसार यातायात मार्गों में बदलाव और डायवर्जन लागू किए जाएंगे। गणेशोत्सव के दौरान सीसीटीवी नेटवर्क और मॉनिटरिंग व्यवस्था को विशेष महत्व दिया गया है।
पुणे शहर के प्रमुख चौक, गणेश मंडल, बाजार और संवेदनशील स्थान पुलिस की निगरानी में रहेंगे। वहीं, कई गणेश मंडलों ने भी अपने स्तर पर सीसीटीवी कैमरे, सुरक्षा गार्ड और स्वयंसेवक तैनात किए हैं। मंडल स्तर की सुरक्षा व्यवस्था को पुलिस की व्यापक सुरक्षा योजना के साथ समन्वित किया जा रहा है।
संदिग्ध गतिविधि दिखाई देने पर तत्काल कार्रवाई के लिए पुलिस की प्रतिक्रिया प्रणाली को सक्रिय रखा जाएगा। गणेशोत्सव में परिवारों और महिलाओं की बड़ी संख्या में जेबकतरी और अन्य अपराधों को रोकने के लिए सादी वर्दी में पुलिसकर्मियों की तैनाती की जाएगी, प्रमुख भीड़ वाले क्षेत्रों में लगातार गश्त रखी जाएगी।
उत्सव के दौरान अफवाहों, भड़काऊ सामग्री और फर्जी सूचनाओं को फैलने से रोकने के लिए साइबर पुलिस की टीम सक्रिय रहेगी। सोशल मीडिया पर संवेदनशील पोस्ट और अफवाहों की निगरानी की जाएगी।
पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि किसी भी अपुष्ट जानकारी को आगे बढ़ाने के बजाय उसकी पुष्टि करें इस बार पुणे में डीजे मुक्त गणेशोत्सव को लेकर पुलिस सरती अपना रही है।