अल नीनो और सूखे के खतरे से निपटने की तैयारी: महाराष्ट्र सरकार 175 कोल्हापुर पद्धति के बांधों की करेगी मरम्मत

Kolhapur Dams Repair: अल नीनो और कमजोर मानसून की आशंका के बीच महाराष्ट्र सरकार ने 175 कोल्हापुर पद्धति के बांधों की मरम्मत के लिए 171.13 करोड़ रुपये मंजूर किए हैं, ताकि जल भंडारण बढ़ाया जा सके।
Preparing to tackle the threat of El Niño and drought: Maharashtra government to repair 175 Kolhapur-pattern dams.
जल संरक्षण, कोल्हापुर पद्धति बांध,(सोर्स सोशल मीडिया)
Published on: 
Updated on: 

Maharashtra Water Storage Project: पुणे संभावित अल नीनो के प्रभाव और कमजोर मानसून की आशंका को देखते हुए महाराष्ट्र सरकार ने जल संरक्षण को प्राथमिकता देते हुए राज्य के 175 कोल्हापुर पद्धति के बांधों की तत्काल मरम्मत कराने का निर्णय लिया है।

सरकार ने इन कार्यों के लिए 171.13 करोड़ मंजूर किए हैं, साथ ही चरणबद्ध तरीके से इन बांधों को इलिप्टिकल बांधों में परिवर्तित किया जाएगा, ताकि जल भंडारण क्षमता बढ़ाई जा सके, जलसंपदा विभाग को निर्देश दिए हैं कि जिन कोल्हापुर पद्धति के बांधों की स्थिति खराब है, उनकी मरम्मत युद्धस्तर पर की जाए।

इसका उद्देश्य वर्षा जल का अधिकतम संचयन कर भूजल स्तर बढ़ाना और संभावित सूखे की स्थिति से निपटना है। इस वर्ष अल नीनो का प्रभाव बढ़ सकता है जिससे महाराष्ट्र में सामान्य से कम वर्षा होने की आशंका है।

7 दिनों में निविदा पूरी करने के निर्देश

काम में तेजी लाने के लिए आपातकालीन प्रावधानों के तहत 7 दिनों के भीतर निविदा प्रक्रिया पूरी करने को कहा गया है। प्रत्येक जल संसाधन निगम को पात्र कंपनियों की सूची तैयार कर कार्य आवंटित करने तथा समय सीमा में काम पूरा नहीं करने वाली कंपनियों पर देय राशि का 20 प्रतिशत जुर्माना लगाने का भी प्रावधान किया गया है।

जल संग्रहण की क्षमता बढ़ेगी

सरकार ने दीर्घकालिक समाधान के रूप में तकनीकी रूप से उपयुक्त सभी कोल्हापुर पद्धति के बांधों को चरणबद्ध तरीके से इलिप्टिकल बांधों में बदलने का भी फैसला किया है। इससे जल संग्रहण क्षमता बढ़ेगी और भविष्य में सूखे जैसी परिस्थितियों से निपटने में मदद मिलेगी।

Navbharat Live
navbharatlive.com