CM फडणवीस ने किया महाराष्ट्र के पहले CBSE जिला परिषद स्कूल का उद्घाटन, जानें खूबियां

Jyoti Savitri Zilla Parishad School Khanawadi: मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार ने पुणे के खानवडी में 'ज्योति सावित्री जिला परिषद स्कूल' का उद्घाटन किया।
CM Devendra Fadnavis Inaugurated Jyoti Savitri Zilla Parishad Schoo Khanawadi
पुणे जिले के खानवडी में ज्योति सावित्री जिला परिषद स्कूल का उद्घाटन करते मुख्यमंत्री देवेंद फडणवीस, उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार व अन्य (सोर्स: सोशल मीडिया)
Published on
Updated on

CM Devendra Fadnavis Inaugurated CBSE Zilla Parishad School: मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा अजित पवार ने पुणे जिले के खानवडी में 'ज्योति सावित्री जिला परिषद स्कूल' का भव्य उद्घाटन और शिला पट्टिका का अनावरण किया। यह महाराष्ट्र का पहला सीबीएसई जिला परिषद स्कूल वंचित बच्चों को विश्वस्तरीय और निशुल्क शिक्षा प्रदान करेगा। यह आयोजन इसलिए भी खास रहा क्योंकि यह क्रांतिसूर्य महात्मा ज्योतिबा फुले की 200वीं जयंती वर्ष के उपलक्ष्य में आयोजित किया गया था। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने पुणे जिला परिषद की इस अनूठी पहल की सराहना की और शिक्षा के क्षेत्र में इसे एक मील का पत्थर बताया।

CM फडणवीस ने अजित पवार को किया याद

पुणे जिला परिषद की इस पहल के लिए मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने आभार जताया। उन्होंने पूर्व उपमुख्यमंत्री दिवंगत अजित पवार को याद करते हुए कहा कि उनके मार्गदर्शन और सहयोग के कारण आज पुणे में महाराष्ट्र का पहला सीबीएसई जिला परिषद स्कूल खुला है।

मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने ज्योति सावित्री जिला परिषद स्कूल परिसर में विभिन्न सुविधाओं का निरीक्षण किया। इसके अलावा, उन्होंने एक शैक्षिक गैलरी का भी दौरा किया, जिसमें जिला परिषद द्वारा लागू की जा रही विभिन्न अभिनव शैक्षिक पहलों को प्रदर्शित किया गया था; यहां उन्होंने सीधे छात्रों से इन परियोजनाओं के बारे में विस्तृत जानकारी प्राप्त की। इसके बाद मुख्यमंत्री ने छात्रों द्वारा बनाए गए 'क्रांतिसूर्य' महात्मा ज्योतिबा फुले और 'क्रांतिज्योति' सावित्रीबाई फुले के तैल चित्रों का भी अनावरण किया।

वंचित बच्चों को मिलेगी फ्री डिजिटल शिक्षा

यह स्कूल केवल एक इमारत नहीं, बल्कि गरीब और वंचित तबके के बच्चों के लिए सुनहरे भविष्य का द्वार है। इस परियोजना की मुख्य बातें निम्नलिखित हैं।

संचालन: स्कूल का दैनिक प्रबंधन गैर-लाभकारी संस्था 'क्रिस्टल हाउस इंडिया' द्वारा किया जाएगा।

प्रवेश प्रक्रिया: वर्तमान शैक्षणिक सत्र में प्री-प्राइमरी से कक्षा 2 तक 260 छात्रों को प्रवेश दिया गया है। इन छात्रों का चयन घर-घर जाकर किए गए सर्वे और कड़ी सत्यापन प्रक्रिया के बाद किया गया है।

भविष्य की योजना: जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी गजानन पाटिल के अनुसार, आने वाले समय में यहां 2000 छात्रों को शिक्षा देने की क्षमता विकसित की जाएगी।

12 एकड़ में फैला कैंपस और आधुनिक सुविधाएं

खानवाड़ी में इस विशाल परियोजना के लिए 12 एकड़ भूमि आवंटित की गई है। स्कूल में छात्रों को केवल किताबी ज्ञान ही नहीं, बल्कि सर्वांगीण विकास के अवसर मिलेंगे।

आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर: डिजिटल क्लासरूम, एडवांस प्रयोगशालाएं (Labs), और एक समृद्ध पुस्तकालय।

आवासीय सुविधा: अगले शैक्षणिक वर्ष से कक्षा 6 से आवासीय सुविधा (Hostel) शुरू होगी। शुरुआत में 40 छात्रों के रहने की व्यवस्था होगी, जिसमें प्रवेश मेरिट के आधार पर होगा।

छात्रों को अन्य लाभ: बच्चों को पौष्टिक नाश्ता, भोजन, यूनिफॉर्म और परिवहन (बस) की सुविधा भी मुफ्त दी जाएगी।

खानवडी जिला परिषद स्कूल का बजट

इस स्कूल के निर्माण में सार्वजनिक और निजी क्षेत्र की भागीदारी (PPP) का बेहतरीन उदाहरण देखने को मिला है। फिएट इंडिया ऑटोमोबाइल्स प्राइवेट लिमिटेड ने सीएसआर (CSR) के तहत 21 करोड़ रुपये का बड़ा योगदान दिया है। इसके अलावा, 15 करोड़ रुपये जिला योजना समिति और जिला परिषद निधि से खर्च किए गए हैं।

इस ऐतिहासिक अवसर पर मंत्री चंद्रकांत पाटिल, मंत्री मंगल प्रभात लोढ़ा, मंत्री अतुल सावे, मंत्री जयकुमार गोरे, मंत्री छगन भुजबल, मंत्री दादाजी भुसे, मंत्री दत्तात्रेय भरणे, मंत्री अदिति तटकरे, राज्य मंत्री योगेश कदम और अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com