

सिंहस्थ कुंभ मेला 2027 की तैयारियों के तहत त्र्यंबकेश्वर ज्योतिर्लिंग मंदिर परिसर के विकास को गति।
राष्ट्रीय स्मारक प्राधिकरण (NMA) ने मंदिर परिसर में सड़क मरम्मत के प्रस्ताव को मंजूरी दी।
सड़क मरम्मत के साथ चौड़ीकरण और सौंदर्यीकरण के कार्यों का रास्ता साफ।
आधुनिक प्रतीक्षालय, स्वच्छ शौचालय और श्रद्धालुओं के लिए कवर्ड पाथवे बनाने की योजना।
विधि भवन की मरम्मत और नवीनीकरण समेत तीन प्रस्तावों की अंतिम मंजूरी के लिए तकनीकी दस्तावेज मांगे गए।
Nashik Simhastha Kumbh Mela 2027 Infrastructure Trimbakeshwar: नासिक सिंहस्थ कुंभ मेला 2027 से पहले त्र्यंबकेश्वर ज्योतिर्लिंग मंदिर परिसर की सड़क मरम्मत को राष्ट्रीय स्मारक प्राधिकरण ने मंजूरी दे दी है। प्रतीक्षालय, शौचालय, कवर्ड पाथवे और विधि भवन के नवीनीकरण के प्रस्तावों पर भी चर्चा हुई।
नासिक सिंहस्थ कुंभ मेला 2027 की तैयारियों के तहत त्र्यंबकेश्वर स्थित ऐतिहासिक श्री त्र्यंबकेश्वर ज्योतिर्लिंग मंदिर परिसर में बुनियादी सुविधाओं के विकास को गति मिलने जा रही है। मंदिर परिसर में सड़क मरम्मत के प्रस्ताव को राष्ट्रीय स्मारक प्राधिकरण (एनएमए) ने मंजूरी दे दी है। इससे कुंभ मेले के दौरान देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं की आवाजाही सुगम बनाने और उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करने में मदद मिलेगी।
मंदिर परिसर के विकास को लेकर आयोजित समीक्षा बैठक में चार प्रमुख प्रस्तावों पर विस्तृत चर्चा की गई। इनमें सड़क मरम्मत, आधुनिक प्रतीक्षालय और शौचालयों का निर्माण, श्रद्धालुओं के लिए ढके हुए मार्ग (कवर्ड पाथवे) का विकास तथा विधि भवन की मरम्मत और नवीनीकरण शामिल हैं। बैठक में विचार-विमर्श के बाद सड़क मरम्मत के प्रस्ताव को तत्काल मंजूरी दी गई। इससे सड़कों की आवश्यक मरम्मत, चौड़ीकरण और सौंदर्यीकरण के कार्यों को आगे बढ़ाने का रास्ता साफ हो गया है।
कुंभ मेले में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना को देखते हुए मंदिर परिसर में सुविधाओं के विस्तार की योजना बनाई गई है। इसके तहत आधुनिक प्रतीक्षालय और स्वच्छ शौचालयों का निर्माण प्रस्तावित है। श्रद्धालुओं को धूप और बारिश से बचाने के लिए कवर्ड पाथवे विकसित करने की भी योजना है। विधि भवन की मरम्मत और नवीनीकरण के प्रस्ताव पर भी प्राधिकरण ने सकारात्मक रुख दिखाया है। हालांकि, इन तीनों प्रस्तावों की अंतिम मंजूरी के लिए आवश्यक तकनीकी दस्तावेज प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं।
प्रस्तावित विकास कार्यों की समीक्षा के लिए राष्ट्रीय स्मारक प्राधिकरण के माध्यम से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग द्वारा उच्चस्तरीय बैठक आयोजित की गई। इसमें नासिक -त्र्यंबकेश्वर कुंभ मेला प्राधिकरण के आयुक्त, नासिक के जिलाधिकारी आयुष प्रसाद, भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों और संबंधित प्रशासनिक अधिकारियों ने हिस्सा लिया।
जिलाधिकारी आयुष प्रसाद ने बताया कि सिंहस्थ कुंभ मेला 2027 को ध्यान में रखते हुए त्र्यंबकेश्वर मंदिर क्षेत्र में बुनियादी ढांचे को मजबूत करने पर प्राथमिकता से काम किया जा रहा है। प्रशासन का उद्देश्य लाखों श्रद्धालुओं को सुरक्षित, सुगम और सुविधाजनक वातावरण उपलब्ध कराना है।
सड़क मरम्मत के प्रस्ताव को मंजूरी मिलने से मंदिर परिसर के विकास कार्यों को नई दिशा मिली है। शेष तीन प्रस्तावों को अंतिम मंजूरी मिलने के बाद प्रतीक्षालय, शौचालय, कवर्ड पाथवे और विधि भवन के नवीनीकरण का काम आगे बढ़ सकेगा। प्रशासन की कोशिश है कि सिंहस्थ कुंभ मेले से पहले श्रद्धालुओं के लिए बुनियादी सुविधाओं को बेहतर बनाया जाए, ताकि दर्शन के दौरान उन्हें कम से कम असुविधा का सामना करना पड़े।