

Nagpur Heavy Rain Waterlogging: संतोषजनक मानसून की आस लगाए बैठे नागपुर शहर और आसपास के ग्रामीण इलाकों में अचानक हुई मूसलाधार बारिश ने भारी तबाही मचा दी है। पिछले कुछ घंटों से लगातार हो रही तेज बारिश के कारण पूरे शहर का जनजीवन पूरी तरह से अस्त-व्यस्त हो गया है। शहर के निचले और ढलान वाले इलाकों में भारी मात्रा में पानी भर गया है, जिससे कई मुख्य मार्ग और अंडरपास पूरी तरह से जलमग्न हो गए हैं। स्थिति इतनी बिगड़ गई कि एक स्कूल में पानी घुसने के बाद दर्जनों बच्चों को बचाने के लिए दमकल विभाग को रेस्क्यू ऑपरेशन चलाना पड़ा।
बारिश के रौद्र रूप का सबसे ज्यादा असर शहर की यातायात व्यवस्था पर पड़ा है। भारी बारिश के चलते सोमलवाड़ा रेलवे अंडरपास में कई फीट पानी भर गया, जिसके कारण सुरक्षा के लिहाज से इस मार्ग को पूरी तरह से बंद कर दिया गया है। इसके अलावा नरेंद्र नगर अंडरब्रिज और मनीष नगर अंडरब्रिज में भी लबालब पानी भर जाने से वाहनों की आवाजाही ठप हो गई है। सड़कों पर जलभराव के कारण जगह-जगह लंबा ट्रैफिक जाम लग गया है और लोग घंटों फंसे रहे।
दक्षिण-पश्चिम नागपुर के प्रमुख व्यावसायिक और आवासीय क्षेत्रों में स्थिति काफी गंभीर बनी हुई है। छत्रपति चौक में पानी का स्तर इतना बढ़ गया कि यहां स्थित नागपुर की मशहूर 'रामजी श्यामजी पोहावाला' की दुकान पूरी तरह पानी में डूब गई। शहर की कई अन्य व्यावसायिक दुकानों और निचले इलाकों के मकानों में भी नालियों का गंदा पानी घुसने की खबरें सामने आ रही हैं।
बारिश की वजह से सबसे बड़ा संकट दक्षिण-पश्चिम नागपुर के खामला क्षेत्र में देखने को मिला। यहां स्थित सोमलवार स्कूल के परिसर और कक्षाओं के आसपास अचानक भारी मात्रा में पानी भर गया, जिससे वहां मौजूद छोटे-छोटे स्कूली बच्चे फंस गए। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए नागपुर नगर निगम (NMC) की अग्निशमन सेवा और आपदा बचाव दल की टीमों को तुरंत मौके पर भेजा गया।
राहत और बचाव दल के जवानों ने त्वरित कार्रवाई करते हुए सभी विद्यार्थियों को सुरक्षित तरीके से पानी के बीच से बाहर निकाला। अभिभावकों को जैसे ही घटना की जानकारी मिली, वे भी अपने बच्चों को लेने के लिए स्कूल की ओर दौड़ पड़े। नागपुर प्रशासन ने शहरवासियों से अपील की है कि वे जलमग्न अंडरपास और बहते नालों के पास जाने से बचें तथा बहुत जरूरी होने पर ही घरों से बाहर निकलें।